पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: नंदीग्राम में वोट डालकर शुभेंदु अधिकारी का बड़ा बयान, TMC पर साधा निशाना
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण के मतदान के बीच राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। राज्य के नेता प्रतिपक्ष और बीजेपी उम्मीदवार शुभेंदु अधिकारी ने नंदीग्राम में मतदान करने के बाद बड़ा बयान देते हुए तृणमूल कांग्रेस पर निशाना साधा। शुभेंदु अधिकारी ने बृहस्पतिवार सुबह पूर्व मेदिनीपुर जिले के नंदनायकबार प्राथमिक विद्यालय स्थित बूथ नंबर 79 पर अपना वोट डाला। मतदान के बाद मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि इस बार टीएमसी ज्यादा गड़बड़ी नहीं कर पाएगी। उन्होंने चुनाव आयोग और केंद्रीय सुरक्षा बलों की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि शुरुआती हालात शांतिपूर्ण नजर आ रहे हैं।
अधिकारी ने मतदाताओं से अपील करते हुए कहा कि सभी लोग बिना किसी डर के अपने मताधिकार का प्रयोग करें। उन्होंने कहा, “मैं शांतिपूर्ण मतदान की प्रार्थना करता हूं। मतदान से पहले की रात अहम होती है, लेकिन इस बार व्यवस्था बेहतर दिख रही है।”
ममता बनर्जी के खिलाफ दोहरी चुनौती
शुभेंदु अधिकारी इस चुनाव में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ प्रमुख चेहरा बने हुए हैं। वह नंदीग्राम से एक बार फिर चुनाव लड़ रहे हैं, जहां पिछली बार मुकाबला बेहद कड़ा रहा था। इसके अलावा अधिकारी भवानीपुर सीट से भी ममता बनर्जी को चुनौती दे रहे हैं, जहां दूसरे चरण में 29 अप्रैल को मतदान होना है। ऐसे में यह मुकाबला राज्य की सबसे हाई-प्रोफाइल सीटों में गिना जा रहा है।
अन्य नेताओं ने भी डाला वोट
नंदीग्राम सीट से तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार पवित्र कर ने भी अपना वोट डाला। वहीं बीजेपी के वरिष्ठ नेता Dilip Ghosh ने पश्चिम मेदिनीपुर के खड़गपुर सदर क्षेत्र में स्थित बूथ नंबर 263 पर मतदान किया। मतदान के बाद दिलीप घोष ने कहा कि राज्य में स्थिति सामान्य है और लोग शांतिपूर्वक वोट डाल रहे हैं। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर ही वह बाहर निकलेंगे और फिलहाल मतदान प्रक्रिया सुचारु रूप से चल रही है।
पहले चरण में 152 सीटों पर मतदान
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण में कुल 152 सीटों पर मतदान जारी है। इस चरण में 16 जिलों के मतदाता अपने प्रतिनिधियों का चयन कर रहे हैं। चुनाव आयोग के अनुसार इस चरण में कुल 1,478 उम्मीदवार मैदान में हैं। इनमें बीजेपी ने सभी 152 सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं, जबकि टीएमसी 148 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। कांग्रेस 151 सीटों पर और सीपीएम 98 सीटों पर अपने प्रत्याशी मैदान में उतार चुकी है। इसके अलावा 900 से अधिक निर्दलीय और छोटे दलों के उम्मीदवार भी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। करीब 3.60 करोड़ मतदाता इस चरण में उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे।
बीजेपी के लिए क्यों अहम है पहला चरण?
पहले चरण का चुनाव बीजेपी के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार पार्टी की राज्य में सत्ता में आने की संभावनाएं काफी हद तक इसी चरण के प्रदर्शन पर निर्भर करती हैं। उत्तर बंगाल, जंगलमहल और मतुआ समुदाय वाले क्षेत्रों में बीजेपी ने पिछले चुनावों में अच्छा प्रदर्शन किया था। ऐसे में इस बार भी पार्टी इन इलाकों में अपनी पकड़ मजबूत बनाए रखना चाहती है। वहीं, तृणमूल कांग्रेस के लिए यह चरण अपनी सत्ता को बचाए रखने की परीक्षा है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व में पार्टी हर सीट पर कड़ा मुकाबला दे रही है।
सुरक्षा के बीच शांतिपूर्ण मतदान
राज्य में अभूतपूर्व सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतदान कराया जा रहा है। केंद्रीय बलों की तैनाती, संवेदनशील बूथों पर विशेष निगरानी और प्रशासन की सतर्कता के कारण अब तक मतदान अपेक्षाकृत शांतिपूर्ण बताया जा रहा है। पश्चिम बंगाल चुनाव 2026 का पहला चरण न केवल सीटों की संख्या के लिहाज से बड़ा है, बल्कि राजनीतिक दृष्टि से भी बेहद अहम है। शुभेंदु अधिकारी के बयान और बीजेपी-टीएमसी के बीच कड़ी टक्कर ने चुनावी मुकाबले को और रोचक बना दिया है। अब देखना होगा कि इस चरण में किस दल का पलड़ा भारी रहता है