Sunday, August 30, 2026
  • Contact
India News
  • मुख्य समाचार
  • राजनीति
  • संपादक की पसंद
  • शहर और राज्य
    • उत्तर प्रदेश
      • आगरा
      • कानपुर
      • लखनऊ
      • मेरठ
    • छत्तीसगढ
      • जगदलपुर
      • बिलासपुर
      • भिलाई
      • रायपुर
    • दिल्ली
    • बिहार
      • पटना
    • मध्य प्रदेश
      • इंदौर
      • ग्वालियर
      • जबलपुर
      • भोपाल
    • महाराष्ट्र
      • नागपुर
      • नासिको
      • पुणे
      • मुंबई
    • राजस्थान
      • अजमेर
      • कोटा
      • जयपुर
      • जैसलमेर
      • जोधपुर
  • स्टार्टअप
  • कृषि
  • मनोरंजन
  • बिजनेस
  • धर्म
  • ऑटो
  • सरकारी नौकरी
  • वीडियो
No Result
View All Result
India News
Home मुख्य समाचार

हिमालयी आपदाओं से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग जरूरी: पूर्व नेपाली राजदूत ओली

DigitalDesk by DigitalDesk
August 30, 2026
in मुख्य समाचार
0
हिमालयी आपदाओं से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग जरूरी: पूर्व नेपाली राजदूत ओली
0
SHARES
0
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterWhatsapp

26 अगस्त को नेपाल की ओर से आई भूस्खलन आपदा के कारण चीन-नेपाल सीमा पर बड़े पैमाने
पर जनहानि और लोगों के लापता होने की घटना पर छिंगहाई-शीत्सांग पठार और हिमालय क्षेत्र
पर लंबे समय से शोध कर रहे वरिष्ठ विद्वान और नेपाल के पूर्व राजदूत डॉ. कृष्ण प्रसाद ओली ने
28 अगस्त की रात चाइना मीडिया ग्रुप(सीएमजी) नेपाली विभाग को दिए एक साक्षात्कार में
कहा कि जलवायु परिवर्तन के कारण हिमालय क्षेत्र में प्राकृतिक आपदाएँ बढ़ रही हैं। उन्होंने कहा
कि इन आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग, वैज्ञानिक अनुसंधान
तथा प्रौद्योगिकी और अनुभवों के आदान-प्रदान को मजबूत करना जरूरी है।

साक्षात्कार के दौरान डॉ. ओली ने हिमालय क्षेत्र में प्राकृतिक आपदाओं के कारणों और उनकी
रोकथाम से जुड़ी चुनौतियों का विस्तार से विश्लेषण किया। उन्होंने बताया कि नेपाल पूरी तरह
हिमालयी ग्लेशियरों के मूल क्षेत्र में स्थित है, जहां भूगर्भीय और जलवायु परिस्थितियां बेहद
विशिष्ट हैं। यही वजह है कि यहां हिमस्खलन, बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदाएँ अक्सर आती रहती
हैं। नेपाल दुनिया के उन देशों में शामिल है, जो जलवायु परिवर्तन से जुड़ी आपदाओं से सबसे
अधिक प्रभावित हैं और लंबे समय से गंभीर आपदा जोखिमों का सामना कर रहा है। ऐसे में इस
क्षेत्र में जलवायु आपदाओं के कारणों, पूर्व चेतावनी, रोकथाम, नियंत्रण और आपदा के बाद
पुनर्वास से जुड़े नियमित और गहन वैज्ञानिक शोध की तत्काल जरूरत है। उन्होंने कहा कि इस
क्षेत्र में चीन का लंबे समय का अनुभव और उसकी व्यापक क्षमता नेपाल के लिए ठोस सहयोग का
आधार बन सकती है।

Related posts

From an earthen courtyard to the international ring Ujjain boxer Divya Nagar is forging a path to becoming a champion

मिट्टी के आंगन से अंतरराष्ट्रीय रिंग तक… उज्जैन की बॉक्सर दिव्या नागर गढ़ रहीं चैंपियन

August 30, 2026
चीन और SCO सदस्य देशों के बीच व्यापार में स्थिर वृद्धि

चीन और SCO सदस्य देशों के बीच व्यापार में स्थिर वृद्धि

August 30, 2026

इसी संदर्भ में डॉ. ओली ने हिमालयी जलवायु अनुसंधान और आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में चीन की
क्षमता की सराहना की। उन्होंने कहा कि चीन लंबे समय से हिमालय क्षेत्र पर जलवायु परिवर्तन के
प्रभावों का अध्ययन कर रहा है और इस दौरान उसने महत्वपूर्ण वैज्ञानिक उपलब्धियां हासिल की
हैं। साथ ही, चीन के पास समृद्ध व्यावहारिक अनुभव और पर्याप्त संसाधन भी हैं। आपदा की पूर्व
चेतावनी देने वाली प्रौद्योगिकी, आपातकालीन बचाव और दीर्घकालिक आपदा रोकथाम की
योजनाओं के क्षेत्र में चीन ने एक परिपक्व व्यवस्था विकसित की है और इसके अच्छे परिणाम भी
सामने आए हैं। चीन और नेपाल की भौगोलिक निकटता, साझा भविष्य और सहयोग के मजबूत
आधार को देखते हुए नेपाल को चीन के साथ व्यापक सहयोग और गहरा करने की जरूरत है,
ताकि चीन की प्रौद्योगिकी, विशेषज्ञता, संसाधनों और अनुभव का लाभ लेकर अपनी आपदा
रोकथाम और न्यूनीकरण क्षमता को मजबूत किया जा सके।

डॉ. ओली ने यह भी जोर देकर कहा कि हिमालयी क्षेत्र में जलवायु आपदाओं की कोई सीमा नहीं
होती और कोई भी देश अकेले इन व्यापक जोखिमों का सामना नहीं कर सकता। इसलिए सभी

देशों को आम सहमति बनाकर आपसी सहयोग बढ़ाना होगा और क्षेत्रीय आपदा रोकथाम एवं
न्यूनीकरण के लिए एक मजबूत सहयोग व्यवस्था तैयार करनी होगी। इससे जलवायु परिवर्तन से
पैदा होने वाली साझा चुनौतियों का अधिक प्रभावी ढंग से सामना किया जा सकेगा।
हाल में कुछ विदेशी मीडिया और व्यक्तियों की ओर से इस भूस्खलन आपदा को लेकर किए गए
दुर्भावनापूर्ण प्रचार और चीन को बदनाम करने के प्रयासों पर डॉ. ओली ने कड़ी निंदा की। उन्होंने
स्पष्ट कहा कि इस तरह की टिप्पणियां वैज्ञानिक तथ्यों के पूरी तरह विपरीत हैं। *नेचर* जैसी
अंतरराष्ट्रीय विज्ञान पत्रिकाओं में प्रकाशित कई अध्ययनों से यह सामने आया है कि हिमालय
क्षेत्र में इस तरह की आपदाओं का एक प्रमुख कारण जलवायु परिवर्तन के चलते ग्लेशियरों की
अस्थिरता है। उन्होंने कहा कि चीन को बदनाम करने वाली इन टिप्पणियों का कोई वैज्ञानिक
आधार नहीं है और प्राकृतिक आपदाओं का राजनीतिकरण विज्ञान की भावना के पूरी तरह खिलाफ
है।

अंत में डॉ. ओली ने जोर देकर कहा कि प्राकृतिक आपदाएं पूरी मानवता के लिए साझा चुनौती हैं
और इनका स्वरूप मूल रूप से वैज्ञानिक है। उन्होंने नेपाल के सभी पक्षों से वैज्ञानिक तथ्यों का
सम्मान करने, पूर्वाग्रहों और अफवाहों को दूर रखने तथा निष्पक्ष और तटस्थ रुख अपनाने की
अपील की। उन्होंने कहा कि चीन के साथ सहयोग की आम सहमति बनाकर जलवायु प्रबंधन और
आपदा रोकथाम के क्षेत्र में सहयोग को और गहरा करना चाहिए। इससे हिमालय क्षेत्र की
पारिस्थितिक सुरक्षा के साथ-साथ चीन और नेपाल दोनों देशों के लोगों की जान-माल की सुरक्षा
भी सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।

(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)

 

 

 

 

Tags: #HimalayanDisaster #Nepal #ChinaNepal #ClimateChange #NaturalDisaster #Avalanche #DisasterManagement #InternationalCooperation #Glacier #NepalNews
LIVE India News

लाइव इंडिया न्यूज 2016 से आप तक खबरें पंहुचा रहा है। लाइव इंडिया वेबसाइट का मकसद ब्रेकिंग, नेशनल, इंटरनेशनल, राजनीति, बिजनेस और अर्थतंत्र से जुड़े हर अपडेट्स सही समय पर देना है। देश के हिंदी भाषी राज्यों से रोजमर्रा की खबरों से लेकर राजनीति नेशनल व इंटरनेशनल मुद्दों से जुडी खबरें और उनके पीछे छुपे सवालों को बेधड़क सामने लाना, देश-विदेश के राजनैतिक, आर्थिक और सामाजिक मुद्दों का विश्लेषण बेबाकी से करना हमारा मकसद है।

Vihan Limelite Event & Entertainment Pvt Ltd
Regd Office Flat No 1
Mig 3 E 6
Arera Colony Bhopal

Branch Office
Main Road. Tikraparaa
Raipur CG

Director Deepti Chaurasia
Mobile No 7725016291

Email id - liveindianewsandviews@gmail.com

Currently Playing

Nepal Flood Updates: नेपाल बॉर्डर पर बाढ़ पीड़ितों की मदद में उतरा ₹15 लाख का ड्रोन! फंसे लोगों तक पहुंचा रहा जरूरी सामान

Nepal Flood Updates: नेपाल बॉर्डर पर बाढ़ पीड़ितों की मदद में उतरा ₹15 लाख का ड्रोन! फंसे लोगों तक पहुंचा रहा जरूरी सामान

Nepal Flood Updates: नेपाल बॉर्डर पर बाढ़ पीड़ितों की मदद में उतरा ₹15 लाख का ड्रोन! फंसे लोगों तक पहुंचा रहा जरूरी सामान

मुख्य समाचार
Saayoni Ghosh

चार महीने में बदले सियासी तेवर: मोदी सरकार पर शायरी से वार करने वाली सायोनी घोष अब बनेंगी सरकार की आवाज़

मुख्य समाचार
Drone Technology: चीन में हर काम कर रहे हैं ड्रोन! देखकर रह जाएंगे हैरान

Drone Technology: चीन में हर काम कर रहे हैं ड्रोन! देखकर रह जाएंगे हैरान

मुख्य समाचार

RSS Unknown Feed

  • Contact

© Copyright 2022,LIVE INDIA NEWS. All Rights Reserved | Email: Info@liveindia.news

No Result
View All Result
  • Home
  • मुख्य समाचार
  • शहर और राज्य
  • राजनीति
  • बिजनेस
  • संपादक की पसंद
  • मनोरंजन
  • स्टार्टअप
  • धर्म
  • कृषि

© Copyright 2022,LIVE INDIA NEWS. All Rights Reserved | Email: Info@liveindia.news

Go to mobile version