चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग द्वारा सौंपे गए दायित्व के तहत, सीपीसी केंद्रीय समिति के
राजनीतिक ब्यूरो की स्थायी समिति के सदस्य और देश के प्रधानमंत्री ली छ्यांग ने संबंधित
विभागों के अधिकारियों के साथ 27 अगस्त की दोपहर शीत्सांग स्वायत्त प्रदेश के शिकाज़े शहर के
चिलोंग काउंटी स्थित चिलोंग कस्बे के कीचड़ और मलबे के भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र का दौरा
किया।
ली छ्यांग वहां आपातकालीन बचाव और राहत कार्यों का मार्गदर्शन करेंगे। साथ ही, वह बचाव
कर्मियों और आपदा से प्रभावित लोगों से भी मुलाकात करेंगे।
एक अन्य रिपोर्ट के अनुसार, चीलोंग विनाशकारी भूस्खलन की आपदा राहत मुख्यालय ने उस
दिन सुबह चीलोंग कस्बे में एक संवाददाता सम्मेलन आयोजित किया। राहत मुख्यालय के प्रथम
कमांडर, शिकाज़े नगर पार्टी समिति के उप सचिव और कार्यवाहक मेयर नोर्बु त्सेरिंग ने बताया कि
26 तारीख की सुबह नेपाल की ओर से आए कीचड़ और मलबे के भूस्खलन के कारण चीलोंग
बंदरगाह में भारी जनहानि हुई और कई लोग लापता हो गए।
प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार, 27 अगस्त को सुबह 8 बजे तक, वहां रेस्वो गांव के 2 निवासियों
को बचा लिया गया है, जबकि 3 शव बरामद किए गए हैं और 558 लोग अभी भी लापता हैं। इनमें
260 विदेशी नागरिक शामिल हैं। संवाददाता सम्मेलन की शुरुआत में सभी उपस्थित लोगों ने
कीचड़ और मलबे के भूस्खलन में मारे गए लोगों के सम्मान में मौन रखा।
इसके बाद, नोर्बु त्सेरिंग ने बताया कि आपदा के बाद शीत्सांग स्वायत्त प्रदेश के वरिष्ठ अधिकारी
तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और राहत कार्यों का निर्देशन किया। शिकाज़े शहर ने प्राकृतिक आपदा
राहत के लिए स्तर 1 की आपातकालीन प्रतिक्रिया शुरू की, एक अग्रिम मुख्यालय स्थापित किया
और खोज एवं बचाव, प्रभावित लोगों के पुनर्वास तथा राहत सामग्री के वितरण के लिए पेशेवर
टीमों को तैनात किया।
उन्होंने कहा कि लोगों के जीवन और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। फिलहाल बचाव
कार्य व्यवस्थित तरीके से जारी है। अगले चरण में लापता लोगों की तलाश तेज की जाएगी, घायलों
का इलाज किया जाएगा, निगरानी और चेतावनी व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा तथा
द्वितीयक आपदाओं को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे। इसके साथ ही, हर संभव
प्रयास करके लोगों के जीवन और संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)





