- राऊ के राजा भोज ढाबे पर पुलिस की दबिश
- टेबल पर शराब मिली, लाइसेंस की जांच
- दोनों भाइयों समेत पांच पर कार्रवाई
- रूटीन चेकिंग में सामने आया मामला
- हत्याकांड से कार्रवाई का कोई संबंध नहीं
समाचार
इंदौर। राजा रघुवंशी हत्याकांड के बाद एक बार फिर रघुवंशी परिवार चर्चा में है। इंदौर के राऊ क्षेत्र स्थित राजा भोज ढाबे पर पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस के मुताबिक, ढाबे पर बिना वैध लाइसेंस शराब परोसे जाने का मामला सामने आया। कार्रवाई की जद में राजा रघुवंशी के दोनों भाई विपिन रघुवंशी और सचिन रघुवंशी समेत पांच लोग आए हैं।
शुक्रवार रात इंदौर पुलिस की टीम राऊ इलाके में होटल और ढाबों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान टीम राजा भोज ढाबे पर पहुंची। पुलिस के पहुंचते ही ढाबे पर हलचल मच गई। जांच के दौरान कुछ लोग टेबल पर बैठकर शराब पीते मिले। इसके बाद पुलिस ने शराब परोसने की अनुमति और लाइसेंस से जुड़े दस्तावेजों की जांच की।
पुलिस के अनुसार, जांच में बिना लाइसेंस शराब परोसे जाने का मामला सामने आने के बाद संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई। मामले में ढाबे से जुड़े पांच लोगों को कार्रवाई के दायरे में लिया गया है।
पुलिस की रूटीन चेकिंग से खुला मामला
राऊ क्षेत्र में पुलिस होटल, रेस्टोरेंट और ढाबों की जांच कर रही थी। पुलिस का फोकस यह सुनिश्चित करने पर था कि रात के समय संचालित होने वाले प्रतिष्ठानों में नियमों का पालन हो रहा है या नहीं। इसी अभियान के दौरान टीम राजा भोज ढाबे तक पहुंची और वहां शराब परोसे जाने की स्थिति सामने आई।
अब बड़ा सवाल यह है कि अगर शराब परोसने का लाइसेंस नहीं था तो ढाबे पर शराब कैसे पहुंच रही थी और किसकी जिम्मेदारी में यह सब चल रहा था? पुलिस इस पूरे मामले में नियमों के उल्लंघन से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही है।
हत्याकांड से अलग है पूरा मामला
हालांकि इस कार्रवाई के बाद राजा रघुवंशी परिवार का नाम फिर चर्चा में आया है, लेकिन पुलिस की यह कार्रवाई राजा रघुवंशी हत्याकांड से जुड़ी नहीं बताई गई है। मौजूदा मामला ढाबे पर शराब परोसने के लिए जरूरी लाइसेंस और नियमों के कथित उल्लंघन से संबंधित है। इसलिए दोनों घटनाओं को अलग-अलग देखना जरूरी है।
राजा रघुवंशी हत्याकांड के बाद अब उनके भाइयों से जुड़े ढाबे पर हुई पुलिस कार्रवाई ने कई सवाल जरूर खड़े कर दिए हैं। पुलिस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया से यह स्पष्ट होगा कि ढाबे पर शराब परोसने की व्यवस्था कैसे चल रही थी और नियमों के उल्लंघन के लिए किसकी क्या भूमिका थी।
यानी राऊ में शुरू हुई रूटीन चेकिंग पहुंची राजा भोज ढाबे तक… टेबल पर शराब मिली… लाइसेंस की जांच हुई… और कार्रवाई की जद में आए राजा रघुवंशी के दोनों भाई समेत पांच लोग। अब सवाल है—बिना वैध लाइसेंस शराब परोसने का खेल आखिर कितने समय से चल रहा था?





