T20 World Cup 2026 में भारत की ऐतिहासिक जीत के बाद टीम के खिलाड़ियों को जहां जबरदस्त सम्मान मिला, वहीं ऑलराउंडर Shivam Dube का घर लौटने का सफर काफी अलग और दिलचस्प रहा। अहमदाबाद से मुंबई लौटते समय फ्लाइट उपलब्ध न होने के कारण उन्हें ट्रेन से सफर करना पड़ा। हालांकि यह सफर उनके लिए रोमांचक भी था और चुनौतीपूर्ण भी, क्योंकि उन्हें फैंस से बचने के लिए विशेष सावधानी रखनी पड़ी।
फ्लाइट फुल होने के कारण लेना पड़ा ट्रेन का सहारा और 3rd AC कोच में किया सफर
विश्व कप जीत के बाद अधिकतर खिलाड़ी चार्टर्ड फ्लाइट से अपने गंतव्य तक पहुंचे, लेकिन शिवम दुबे को अहमदाबाद से मुंबई के लिए कोई फ्लाइट नहीं मिल सकी। सभी उड़ानें भरी होने के कारण उन्होंने ट्रेन से यात्रा करने का फैसला किया। उन्होंने 3rd AC कोच में सफर किया, जो आम यात्रियों के बीच एक साधारण विकल्प माना जाता है। दुबे के लिए यह फैसला इसलिए भी खास रहा क्योंकि उन्हें आम लोगों के बीच रहते हुए अपनी पहचान छिपानी पड़ी।
पहचान छिपाने के लिए सुबह 5 बजे की ट्रेन और ऊपर की बर्थ पर बिताया समय
दुबे ने बताया कि वह सुबह करीब 5 बजे ट्रेन में सवार हुए ताकि ज्यादा ध्यान आकर्षित न हो। उन्होंने मास्क पहनकर यात्रा की और ऊपर की बर्थ पर आराम किया। उनका कहना है कि विश्व कप जीत के तुरंत बाद किसी को उम्मीद नहीं थी कि वह ट्रेन में मिलेंगे, जिससे उन्हें सफर आसान बनाने में मदद मिली। सुबह 5:30 बजे के आसपास वह सो गए और करीब 10:30 बजे उठे।
इससे पहले भी कर चुके हैं ट्रेन से सफर, घरेलू टूर्नामेंट के दौरान अपनाया था यही तरीका
शिवम दुबे ने बताया कि यह पहली बार नहीं था जब उन्होंने इस तरह यात्रा की। पिछले साल बड़ौदा में BPCL टूर्नामेंट के दौरान भी उन्होंने ट्रेन से सफर किया था। उस समय भी उन्होंने जल्दी घर पहुंचने के लिए यही विकल्प चुना था। उनके साथ कुछ करीबी दोस्त भी मौजूद थे और उन्होंने साधारण तरीके से यात्रा पूरी की।
IPL 2026 में चेन्नई सुपर किंग्स के लिए निभाएंगे अहम भूमिका, संजू सैमसन भी टीम से जुड़ेंगे
IPL 2026 में Chennai Super Kings के लिए शिवम दुबे महत्वपूर्ण खिलाड़ी माने जा रहे हैं। टीम अपना पहला मुकाबला 30 मार्च को Rajasthan Royals के खिलाफ गुवाहाटी के बरसापारा स्टेडियम में खेलेगी। टीम में Sanju Samson के शामिल होने से बल्लेबाजी और मजबूत मानी जा रही है। दुबे ने सैमसन को चेन्नई का माहौल शानदार बताते हुए कहा कि यहां खिलाड़ियों को घर जैसा महसूस होता है और बिना दबाव के प्रदर्शन करने का मौका मिलता है।





