भारतीय शेयर बाजार में आज जोरदार तेजी देखने को मिली। वैश्विक स्तर पर तनाव कम होने के संकेत और कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट ने निवेशकों का भरोसा मजबूत किया। कारोबार के दौरान सेंसेक्स 856 अंकों से ज्यादा उछल गया, जबकि निफ्टी भी तेजी के साथ 24 हजार के करीब पहुंच गया। बैंकिंग शेयरों में शानदार खरीदारी देखने को मिली, जिससे बैंक निफ्टी ने भी मजबूत बढ़त दर्ज की। बाजार में आई इस तेजी का सबसे बड़ा कारण अमेरिका और ईरान के बीच आगे बढ़ती शांति वार्ता को माना जा रहा है।
अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत ने ग्लोबल बाजारों में डर का माहौल कम किया
दुनियाभर के निवेशकों की नजर इस समय अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत पर टिकी हुई है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार दोनों देशों के बीच तनाव कम करने और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को दोबारा खोलने को लेकर सकारात्मक संकेत मिले हैं। इसी उम्मीद ने अंतरराष्ट्रीय बाजारों में राहत का माहौल बनाया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि अगर यह समझौता अंतिम रूप लेता है तो वैश्विक सप्लाई चेन और तेल बाजार पर दबाव कम हो सकता है। इसी वजह से निवेशकों ने जोखिम लेने की शुरुआत की और इक्विटी बाजारों में खरीदारी बढ़ गई।
कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट से भारतीय बाजार को मिला बड़ा सहारा
शांति वार्ता में प्रगति की खबरों का असर सीधे क्रूड ऑयल बाजार पर भी दिखाई दिया। ब्रेंट क्रूड की कीमतों में लगभग 5 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई और यह 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे फिसल गया। वहीं WTI क्रूड भी गिरकर करीब 91 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंच गया।
भारत जैसे तेल आयातक देश के लिए कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट राहत की खबर मानी जाती है। इससे महंगाई और आयात खर्च कम होने की उम्मीद बढ़ती है। यही वजह रही कि ऑटो, बैंकिंग और मेटल सेक्टर में निवेशकों ने जमकर खरीदारी की।
सेंसेक्स, निफ्टी और बैंक निफ्टी ने दिखाई मजबूत तेजी
कारोबार के दौरान बीएसई सेंसेक्स 856.43 अंकों की तेजी के साथ 76,271.78 के स्तर पर पहुंच गया। वहीं एनएसई निफ्टी भी 253.85 अंक चढ़कर 23,973.15 पर कारोबार करता नजर आया। बैंकिंग सेक्टर में खरीदारी इतनी मजबूत रही कि बैंक निफ्टी 54,400 के पार निकल गया।
बाजार जानकारों के अनुसार विदेशी निवेशकों की वापसी और मजबूत वैश्विक संकेतों ने भारतीय बाजार को अतिरिक्त समर्थन दिया। कई बड़े शेयरों में खरीदारी का माहौल बना रहा, जिससे पूरे बाजार में पॉजिटिव सेंटीमेंट दिखाई दिया।
एशियाई बाजारों में रिकॉर्ड तेजी ने भारतीय निवेशकों का भरोसा बढ़ाया
एशियाई बाजारों में भी आज शानदार तेजी देखने को मिली। जापान का निक्केई इंडेक्स 3 प्रतिशत से ज्यादा उछलकर पहली बार 65,000 के ऐतिहासिक स्तर के ऊपर पहुंच गया। टॉपिक्स इंडेक्स में भी बढ़त दर्ज की गई। हालांकि बुद्ध पूर्णिमा के कारण हांगकांग और दक्षिण कोरिया के बाजार बंद रहे।
वैश्विक बाजारों की इस मजबूती का असर भारतीय निवेशकों के भरोसे पर भी पड़ा। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय हालात स्थिर रहते हैं तो आने वाले दिनों में बाजार में और तेजी देखने को मिल सकती है।
अमेरिकी बाजारों की मजबूती और ट्रंप के बयान ने भी बढ़ाया बाजार का उत्साह
शुक्रवार को अमेरिकी शेयर बाजार भी मजबूती के साथ बंद हुए थे। डाऊ जोन्स, S&P 500 और नैस्डैक तीनों प्रमुख इंडेक्स बढ़त के साथ क्लोज हुए। इसी बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बयान भी बाजार के लिए सकारात्मक माना जा रहा है। ट्रंप ने कहा है कि ईरान के साथ समझौता लगभग तय हो चुका है और जल्द ही इसकी घोषणा हो सकती है।
निवेशकों को उम्मीद है कि अगर होर्मुज जलमार्ग दोबारा सामान्य रूप से खुलता है तो वैश्विक व्यापार और ऊर्जा बाजार को बड़ी राहत मिलेगी। फिलहाल बाजार इसी उम्मीद पर आगे बढ़ता दिखाई दे रहा है।