Tuesday, June 9, 2026
  • Contact
India News
  • मुख्य समाचार
  • राजनीति
  • संपादक की पसंद
  • शहर और राज्य
    • उत्तर प्रदेश
      • आगरा
      • कानपुर
      • लखनऊ
      • मेरठ
    • छत्तीसगढ
      • जगदलपुर
      • बिलासपुर
      • भिलाई
      • रायपुर
    • दिल्ली
    • बिहार
      • पटना
    • मध्य प्रदेश
      • इंदौर
      • ग्वालियर
      • जबलपुर
      • भोपाल
    • महाराष्ट्र
      • नागपुर
      • नासिको
      • पुणे
      • मुंबई
    • राजस्थान
      • अजमेर
      • कोटा
      • जयपुर
      • जैसलमेर
      • जोधपुर
  • स्टार्टअप
  • कृषि
  • मनोरंजन
  • बिजनेस
  • धर्म
  • ऑटो
  • सरकारी नौकरी
  • वीडियो
No Result
View All Result
India News
Home स्पेशल

रेंटल गर्लफ्रेंड-बॉयफ्रेंड: इन देशों में बढ़ता चलन.. किराया दें और करें दिन भर मौज—म​स्ती…इस सर्विस के हैं ये सख्त नियम और सीमाएं

DigitalDesk by DigitalDesk
June 9, 2026
in स्पेशल
0
रेंटल गर्लफ्रेंड-बॉयफ्रेंड: इन देशों में बढ़ता चलन.. किराया दें और करें दिन भर मौज—म​स्ती…इस सर्विस के हैं ये सख्त नियम और सीमाएं
0
SHARES
0
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterWhatsapp

जापान और चीन से शुरू हुआ ‘रेंटल गर्लफ्रेंड-बॉयफ्रेंड’ मॉडल अब दुनिया के कई देशों में चर्चा का विषय है। आधुनिक जीवनशैली, बढ़ते अकेलेपन और सामाजिक बदलावों ने इस अनोखे कारोबार को एक नई पहचान दी है।

  • किराए के रिश्तों का बढ़ता कारोबार
  • चीन और जापान से शुरु हुआ ये कारोबार
  • में बदलते समाज की नई तस्वीर
  • किराए के रिश्तों का कारोबार
  • बदलती दुनिया में रिश्तों का नया कारोबार
  • अकेलेपन ने बढ़ाई रेंटल पार्टनर की मांग
  • डिजिटल प्लेटफॉर्म से होती है बुकिंग
  • सख्त नियमों के तहत संचालित होती सेवा
  • सामाजिक बदलाव और रिश्तों पर नई बहस

जब साथ भी बन गया एक सेवा क्षेत्र

एक समय था जब दोस्ती, प्रेम और साथ जैसे रिश्ते पूरी तरह भावनाओं पर आधारित माने जाते थे। लेकिन बदलती सामाजिक परिस्थितियों और व्यस्त जीवनशैली ने अब इन जरूरतों को एक नए व्यवसाय में बदल दिया है। जापान, चीन और दक्षिण कोरिया जैसे देशों में “रेंटल गर्लफ्रेंड” और “रेंटल बॉयफ्रेंड” सेवाएं तेजी से लोकप्रिय हुई हैं। अब भारत के कुछ बड़े महानगरों में भी इस तरह के प्रयोग देखने को मिल रहे हैं।

Related posts

five Chakravyuha of Lord Krishna

धर्म की जीत के लिए रची गईं रणनीतियां: श्रीकृष्ण के पांच चक्रव्यूह जिन्होंने बदल दिया महाभारत का इतिहास

June 9, 2026
BrahMos supersonic cruise missile

ब्रह्मोस: भारत की मिसाइल ताकत पर दुनिया की नजर…3. क्या है ब्रह्मोस की सबसे बड़ी ताकत?

June 8, 2026

इस मॉडल में कोई व्यक्ति कुछ घंटों या एक दिन के लिए किसी साथी की सेवाएं ले सकता है। यह संबंध पूरी तरह पेशेवर और अनुबंध आधारित होता है। इसका उद्देश्य किसी रोमांटिक या शारीरिक संबंध को बढ़ावा देना नहीं, बल्कि सामाजिक साथ और भावनात्मक सहयोग उपलब्ध कराना होता है। विशेषज्ञ मानते हैं कि यह आधुनिक समाज में बदलती मानवीय जरूरतों का परिणाम है, जहां लोग समय और संसाधनों की कमी के कारण स्थायी रिश्ते बनाने में कठिनाई महसूस कर रहे हैं।

अकेलेपन की बढ़ती समस्या और नया समाधान

संयुक्त परिवारों के टूटने, नौकरी के लिए दूसरे शहरों में पलायन और डिजिटल जीवनशैली ने दुनिया भर में अकेलेपन की समस्या को बढ़ाया है। खासकर महानगरों में लाखों लोग ऐसे हैं जो दिनभर भीड़ के बीच रहते हैं, लेकिन भावनात्मक रूप से खुद को अकेला महसूस करते हैं। यही कारण है कि रेंटल कंपैनियनशिप सर्विसेज की मांग बढ़ रही है। कई लोग किसी सामाजिक कार्यक्रम, पार्टी, रेस्तरां, फिल्म या पर्यटन स्थल पर अकेले नहीं जाना चाहते। ऐसे में वे कुछ घंटों के लिए एक पेशेवर साथी की सेवा लेते हैं।

बदलती जीवनशैली ने नए कारोबार को जन्म दिया

दुनिया भर में तकनीक और आधुनिक जीवनशैली ने लोगों को पहले से अधिक सुविधाएं दी हैं, लेकिन इसके साथ ही सामाजिक रिश्तों में दूरी भी बढ़ी है। चीन में यह बदलाव अब एक नए आर्थिक मॉडल के रूप में सामने आया है, जिसे “कंपैनियनशिप इकोनॉमी” कहा जा रहा है। इस व्यवस्था में लोग कुछ घंटों के लिए ऐसे साथी किराए पर लेते हैं जो उनके साथ घूम सकें, खाना खा सकें, फिल्म देख सकें या सिर्फ बातचीत कर सकें। यह संबंध किसी प्रेम या वैवाहिक रिश्ते पर आधारित नहीं होता, बल्कि समय और सेवाओं के बदले भुगतान पर आधारित होता है।

चीन के बड़े शहरों में यह चलन तेजी से लोकप्रिय हो रहा है और इसके कारण हजारों करोड़ रुपये का नया बाजार विकसित हो चुका है। चीन में त्योहारों और पारिवारिक आयोजनों के दौरान भी इस सेवा का उपयोग बढ़ा है। कई युवा अपने माता-पिता के सामाजिक दबाव से बचने या उन्हें संतुष्ट करने के लिए किराए पर साथी लेकर पारिवारिक कार्यक्रमों में शामिल होते हैं।

सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म ने दी रफ्तार

कंपैनियनशिप इकोनॉमी को बढ़ाने में डिजिटल प्लेटफॉर्म और सोशल मीडिया की बड़ी भूमिका रही है। अनेक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म ऐसे लोगों को जोड़ रहे हैं जो साथी की तलाश में हैं और जो यह सेवा प्रदान करना चाहते हैं। इन प्लेटफॉर्म पर उपयोगकर्ता अपनी पसंद के अनुसार साथी चुन सकते हैं। कोई फिल्म देखने के लिए साथी चाहता है, कोई किसी रेस्तरां में भोजन करने के लिए, तो कोई शहर घूमने या सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए। ऑनलाइन बुकिंग, डिजिटल भुगतान और रेटिंग सिस्टम ने इस पूरी प्रक्रिया को आसान और भरोसेमंद बना दिया है। यही कारण है कि यह कारोबार तेजी से फैल रहा है और युवा वर्ग में इसकी स्वीकार्यता लगातार बढ़ रही है।विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में यह क्षेत्र और अधिक संगठित रूप ले सकता है।

कैसे काम करती है यह पूरी व्यवस्था?

यह व्यवसाय पूरी तरह संगठित और डिजिटल प्लेटफॉर्म आधारित है। कंपनियां और एजेंसियां अपनी वेबसाइट या मोबाइल एप के माध्यम से ग्राहकों को विभिन्न प्रोफाइल उपलब्ध कराती हैं। ग्राहक अपनी पसंद के अनुसार साथी का चयन कर सकते हैं। प्रोफाइल में उम्र, रुचियां, बातचीत की शैली और उपलब्धता जैसी जानकारियां दी जाती हैं। इसके बाद घंटों या पूरे दिन के हिसाब से शुल्क निर्धारित किया जाता है। जापान में यह शुल्क आमतौर पर 3,000 से 5,000 रुपये प्रति घंटा तक हो सकता है। चीन में एक दिन की सेवा का खर्च 12,000 रुपये या उससे अधिक तक पहुंच जाता है। भारत के दिल्ली-एनसीआर जैसे महानगरों में यह शुल्क लगभग 1,500 से 3,000 रुपये प्रति घंटा बताया जाता है। इसके अतिरिक्त भोजन, यात्रा, मूवी टिकट या अन्य गतिविधियों का खर्च भी ग्राहक को वहन करना पड़ता है।

सख्त नियमों के दायरे में चलता है कारोबार

हालांकि यह सेवा चर्चा का विषय बनी रहती है, लेकिन इसके संचालन के लिए कड़े नियम बनाए गए हैं। अधिकांश एजेंसियां स्पष्ट रूप से बताती हैं कि यह केवल सामाजिक और भावनात्मक सहयोग की सेवा है। ग्राहकों और सेवा प्रदाताओं के बीच किसी भी प्रकार की शारीरिक निकटता, रोमांटिक संबंध या निजी संपर्क की अनुमति नहीं होती। व्यक्तिगत मोबाइल नंबर, घर का पता या सोशल मीडिया जानकारी साझा करना भी प्रतिबंधित रहता है। महंगे उपहार देने या व्यक्तिगत लगाव विकसित करने से रोकने के लिए भी नियम बनाए गए हैं। सारी बातचीत और बुकिंग एजेंसी के माध्यम से होती है। इससे दोनों पक्षों की सुरक्षा और गोपनीयता सुनिश्चित की जाती है। यही कारण है कि यह मॉडल एक व्यावसायिक अनुबंध के रूप में संचालित होता है, न कि पारंपरिक प्रेम संबंध के रूप में।

रिश्तों का भविष्य और सामाजिक बहस

किराए पर साथी उपलब्ध कराने वाली सेवाएं केवल एक नया कारोबार नहीं हैं, बल्कि वे आधुनिक समाज के बदलते स्वरूप को भी दर्शाती हैं। एक ओर समर्थक इसे मानसिक स्वास्थ्य और सामाजिक सहयोग का माध्यम मानते हैं, वहीं आलोचक इसे मानवीय रिश्तों के व्यावसायीकरण के रूप में देखते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यह प्रवृत्ति उस सामाजिक बदलाव की ओर संकेत करती है जहां लोगों की भावनात्मक जरूरतें तो बनी हुई हैं, लेकिन उन्हें पूरा करने के तरीके बदल रहे हैं। आने वाले वर्षों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता, वर्चुअल रियलिटी और डिजिटल प्लेटफॉर्म के विस्तार के साथ ऐसे मॉडल और भी विकसित हो सकते हैं। फिलहाल इतना स्पष्ट है कि अकेलेपन और सामाजिक दूरी की चुनौती ने एक नए आर्थिक क्षेत्र को जन्म दिया है, जो करोड़ों रुपये के कारोबार में बदल चुका है।

Post Views: 14
Tags: #rental girlfriend-boyfriend model
LIVE India News

लाइव इंडिया न्यूज 2016 से आप तक खबरें पंहुचा रहा है। लाइव इंडिया वेबसाइट का मकसद ब्रेकिंग, नेशनल, इंटरनेशनल, राजनीति, बिजनेस और अर्थतंत्र से जुड़े हर अपडेट्स सही समय पर देना है। देश के हिंदी भाषी राज्यों से रोजमर्रा की खबरों से लेकर राजनीति नेशनल व इंटरनेशनल मुद्दों से जुडी खबरें और उनके पीछे छुपे सवालों को बेधड़क सामने लाना, देश-विदेश के राजनैतिक, आर्थिक और सामाजिक मुद्दों का विश्लेषण बेबाकी से करना हमारा मकसद है।

Vihan Limelite Event & Entertainment Pvt Ltd
Regd Office Flat No 1
Mig 3 E 6
Arera Colony Bhopal

Branch Office
Main Road. Tikraparaa
Raipur CG

Director Deepti Chaurasia
Mobile No 7725016291

Email id - liveindianewsandviews@gmail.com

Currently Playing

सिद्धारमैया की कुर्सी पर सस्पेंस, DK शिवकुमार की ब्रेकफास्ट मीटिंग से बढ़ी हलचल

सिद्धारमैया की कुर्सी पर सस्पेंस, DK शिवकुमार की ब्रेकफास्ट मीटिंग से बढ़ी हलचल

सिद्धारमैया की कुर्सी पर सस्पेंस, DK शिवकुमार की ब्रेकफास्ट मीटिंग से बढ़ी हलचल

मुख्य समाचार
बंगाल की राजनीति में मचा बड़ा घमासान, TMC में टूट की चर्चा तेज!

बंगाल की राजनीति में मचा बड़ा घमासान, TMC में टूट की चर्चा तेज!

मुख्य समाचार
बंगाल की मुस्लिम बहुल फाल्टा सीट पर BJP की ऐतिहासिक जीत, 71% वोट लेकर देबांग्शु पांडा ने मारी बाजी

बंगाल की मुस्लिम बहुल फाल्टा सीट पर BJP की ऐतिहासिक जीत, 71% वोट लेकर देबांग्शु पांडा ने मारी बाजी

मुख्य समाचार

RSS Unknown Feed

  • Contact

© Copyright 2022,LIVE INDIA NEWS. All Rights Reserved | Email: Info@liveindia.news

No Result
View All Result
  • Home
  • मुख्य समाचार
  • शहर और राज्य
  • राजनीति
  • बिजनेस
  • संपादक की पसंद
  • मनोरंजन
  • स्टार्टअप
  • धर्म
  • कृषि

© Copyright 2022,LIVE INDIA NEWS. All Rights Reserved | Email: Info@liveindia.news

Go to mobile version