इन 24 सीटों पर होगा चुनाव
| क्र.सं. | राज्य | सदस्य का नाम | सेवानिवृत्ति तिथि |
|---|---|---|---|
| 1 | आंध्र प्रदेश | अयोध्या रामी रेड्डी अल्ला | 21 जून 2026 |
| 2 | आंध्र प्रदेश | नथवानी परिमल | 21 जून 2026 |
| 3 | आंध्र प्रदेश | पिल्ली सुभाषचंद्र बोस | 21 जून 2026 |
| 4 | आंध्र प्रदेश | सना सतीश बाबू | 21 जून 2026 |
| 5 | गुजरात | रामभाई हरजीभाई मोकारिया | 21 जून 2026 |
| 6 | गुजरात | अमीन नरहरि हीराबाई | 21 जून 2026 |
| 7 | गुजरात | Shaktisinh Gohil | 21 जून 2026 |
| 8 | गुजरात | रमिला बेचरभाई बारा | 21 जून 2026 |
| 9 | झारखंड | दीपक प्रकाश | 21 जून 2026 |
| 10 | झारखंड | Shibu Soren (सीट रिक्त) | 21 जून 2026 |
| 11 | मध्य प्रदेश | George Kurian | 21 जून 2026 |
| 12 | मध्य प्रदेश | Digvijaya Singh | 21 जून 2026 |
| 13 | मध्य प्रदेश | Sumer Singh Solanki | 21 जून 2026 |
| 14 | मणिपुर | महाराजा सनाजाओबा लीशेम्बा | 21 जून 2026 |
| 15 | मेघालय | वानवेइरोय खारलुखी | 21 जून 2026 |
| 16 | राजस्थान | नीरज डांगी | 21 जून 2026 |
| 17 | राजस्थान | राजेंद्र गहलोत | 21 जून 2026 |
| 18 | राजस्थान | रवनीत सिंह | 21 जून 2026 |
| 19 | अरुणाचल प्रदेश | Nabam Rebia | 23 जून 2026 |
| 20 | कर्नाटक | नरयाना कोरगप्पा | 25 जून 2026 |
| 21 | कर्नाटक | इरन्ना कडाडी | 25 जून 2026 |
| 22 | कर्नाटक | H. D. Deve Gowda | 25 जून 2026 |
| 23 | कर्नाटक | Mallikarjun Kharge | 25 जून 2026 |
| 24 | मिजोरम | के. वानलालवेना | 19 जुलाई 2026 |
इन चुनावों को राजनीतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि कई बड़े नेताओं का राज्यसभा कार्यकाल समाप्त होने जा रहा है। इनमें कांग्रेस अध्यक्ष Mallikarjun Kharge, वरिष्ठ कांग्रेस नेता Digvijaya Singh, पूर्व प्रधानमंत्री H. D. Deve Gowda और Shaktisinh Gohil जैसे प्रमुख नाम शामिल हैं।
किन राज्यों में होंगे चुनाव?
चुनाव आयोग के अनुसार राज्यसभा चुनाव Andhra Pradesh, Gujarat और Karnataka की चार-चार सीटों पर होंगे। इसके अलावा Madhya Pradesh और Rajasthan में तीन-तीन सीटों पर मतदान कराया जाएगा। Jharkhand में दो सीटों के लिए चुनाव होंगे, जबकि Manipur, Meghalaya, Arunachal Pradesh और Mizoram में एक-एक सीट पर मतदान होगा। चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि इन सीटों के लिए मतदान संबंधित राज्यों की विधानसभा में निर्वाचित विधायकों द्वारा किया जाएगा। राज्यसभा चुनाव में विधायकों की संख्या और दलों की ताकत के आधार पर उम्मीदवारों की जीत तय होती है।
कई बड़े नेताओं की सदस्यता समाप्त
मध्य प्रदेश में तीन सीटों पर मुकाबला
मध्य प्रदेश में राज्यसभा की तीन सीटों पर चुनाव होने जा रहा है। जिन सांसदों का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, उनमें दिग्विजय सिंह, George Kurian और Sumer Singh Solanki शामिल हैं। राज्य में चुनाव प्रक्रिया 1 जून से शुरू होगी। चुनाव आयोग द्वारा 2 जून को अधिसूचना जारी की जाएगी। नामांकन की अंतिम तिथि 8 जून तय की गई है, जबकि नामांकन पत्रों की जांच 10 जून को होगी। उम्मीदवार 11 जून तक अपना नाम वापस ले सकेंगे। 18 जून को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान कराया जाएगा और उसी दिन शाम 5 बजे से मतगणना शुरू होगी।
मध्य प्रदेश में क्या है चुनाव कार्यक्रम?
Election Commission of India ने मध्य प्रदेश की तीन सीटों के लिए चुनाव कार्यक्रम भी घोषित कर दिया है।
- अधिसूचना जारी होगी – 2 जून 2026
- नामांकन की अंतिम तिथि – 8 जून 2026
- नामांकन पत्रों की जांच – 10 जून 2026
- नाम वापसी की अंतिम तिथि – 11 जून 2026
- मतदान – 18 जून 2026 (सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक)
- मतगणना – 18 जून 2026 शाम 5 बजे से
राज्यसभा चुनाव क्यों होते हैं खास?
Rajya Sabha भारतीय संसद का उच्च सदन है, जिसमें राज्यों का प्रतिनिधित्व होता है। राज्यसभा सांसदों का कार्यकाल छह वर्ष का होता है और हर दो वर्ष में एक-तिहाई सदस्य सेवानिवृत्त होते हैं। यही वजह है कि समय-समय पर राज्यसभा चुनाव कराए जाते हैं। लोकसभा चुनावों की तुलना में राज्यसभा चुनाव सीधे जनता द्वारा नहीं होते, बल्कि राज्य विधानसभाओं के निर्वाचित विधायक मतदान करते हैं। इसलिए इन चुनावों में राजनीतिक दलों की विधानसभा में मौजूद ताकत बेहद महत्वपूर्ण होती है।
राजनीतिक दलों की रणनीति तेज
संसद के समीकरणों पर पड़ेगा असर
राज्यसभा में संख्या बल किसी भी सरकार के लिए बेहद महत्वपूर्ण होता है, क्योंकि कई महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित कराने के लिए उच्च सदन का समर्थन जरूरी होता है। ऐसे में 24 सीटों पर होने वाला यह चुनाव संसद के भविष्य के समीकरणों को भी प्रभावित कर सकता है। आने वाले दिनों में उम्मीदवारों के नामों को लेकर राजनीतिक हलचल और तेज होने की उम्मीद है। कई दल पुराने नेताओं को दोबारा मौका दे सकते हैं, जबकि कुछ नए चेहरों को राज्यसभा भेजने की तैयारी में हैं। फिलहाल 18 जून को होने वाले इस चुनाव पर पूरे देश की राजनीतिक नजरें टिकी हुई हैं।
संसद के समीकरण बदल सकते हैं
Rajya Sabha के इन चुनावों को संसद के भविष्य के राजनीतिक समीकरणों के लिहाज से अहम माना जा रहा है। राज्यसभा में संख्या बल किसी भी सरकार के लिए बेहद महत्वपूर्ण होता है, क्योंकि कई महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित कराने में उच्च सदन की भूमिका निर्णायक रहती है। राजनीतिक दल अब उम्मीदवारों के चयन और रणनीति बनाने में जुट गए हैं। आने वाले दिनों में इन सीटों को लेकर राजनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।