केजरीवाल के शीशमहल पर सियासत गरमाई, 45 करोड़ के रिनोवशन पर उठे सवाल मचा सियासी बवाल

Kejriwal Sheeshmahal

दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल इन दिनों अपने बंगले की साज सज्जा पर किये गये खर्च को लेकर बीजेपी ही नहीं कांग्रेस के भी निशाने पर आ गए हैं। केजरीवाल के बंगले की साज सज्जा पर करीब 45 करोड़ रुपये फूंक दिए गए। ऐसे में बीजेपी और कांग्रेस दोनों ही पार्टियां आम आदमी पार्टी पर हमलावर हैं। ये नेता केजरीवाल का एक दशक पुराना शपथ पत्र दिखा रहे हैं। जिसमें केजरीवाल ने कभी वीआईपी ट्रीटमेंट ना लेने की शपथ ली थी। अब दावा किया जा रहा है कि अरविंद केजरीवाल के सरकारी बंगले की साज सज्जा के नाम पर 45 करोड़ रुपये फूंक दिए गए। सीएम केजरीवाल ने अपने सरकारी बंगले की मरम्मत उस समय कराई थी जब दिल्ली के लोग कोरोना संक्रमण से जूझ रहे थे।

आटो में सवार होकर आए थे शपथ लेने

बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने मीडिया से चर्चा के दौरान कहा दिल्ली के सीएम अरविन्द केजरीवाल की कथनी और करनी में जमीन आसमान का अंतर है। ये वो लोग हैं जो शपथ के लिए आटो में लटकर आए थे। कहते थे कि न सुरक्षा लेंगे और न ही किसी तरह से सरकारी धन को अपनी सुख सुविधाओं पर खर्च करेंगे। लेकिन अब केजरीवाल के घर में आठ आठ लाख के परदे लगे हैं। वियतनाम से 1 लाख 15 लाख का मार्बल बुलाकर अपने घर में लगवाया है। बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा ने आरोप लगाया और कहा कि जब दिल्ली की जनता कोरोना महामारी से जूझ रही थी। संक्रमण चरम पर था और लोगों की जान जा रही थी तब केजरीवाल अपने बंगले की मरम्मत में व्यस्त थे। पात्रा ने कहा सीएम अरविंद केजरीवाल ने शीशमहल के जीर्णोद्धार पर 45 करोड़ रुपए खर्च किए हैं। जबकि केजरीवाल ने एक बार कहा था कि उन्हें रहने के लिए एक कमरे का घर चाहिए। केजरीवाल के आवास की मरम्मत में 45 करोड़ खर्च करने पर बीजेपी अब केजरीवाल को महाराजा कहकर बुला रही है। पात्रा ने कहा कि अब मीडिया को को कंट्रोल किया जा रहा है। केजरीवाल महाराज की खबर न चलाने के लिए लालच दिया जा रहा है।

ये है आम आदमी पार्टी

वहीं कांग्रेस नेता अजय माकन ने भी केजरीवाल पर निशाना साधा और उन्हें याद दिलाया कि 2013 में केजरीवाल ने रेड लाइट कार के साथ अतिरिक्त सुरक्षा और सरकारी बंगले का उपयोग न करने की शपथ ली थी। माकन ने तंज कसते हुए कहा महंगे पर्दे, डायर पोलिश वियतनाम संगमरमर के साथ कालीन खरीदता है। उसकी पार्टी को आम आदमी पार्टी कहा जाता है।

11 करोड़ 30 लाख का इं​टीरियर डेकोरेशन

केजरीवाल के बंगले पर अकेले इंटीरियर डेकोरेशन पर कुल खर्च में से 11.30 करोड़ रुपये खर्चे तो 6.02 करोड़ स्टोन और मार्बल फ्लोर, एक करोड़ रुपये इंटीरियर कंसल्टेंसी, 2.58 करोड़ रुपये बिजली फिटिंग और उपकरण पर फूंके गए तो 2.85 करोड़ रुपये आधुनिक फायर सिस्टम पर खर्चे किये। इतना ही नहीं अलमारी और रसोई डिजाइन पर 1.41 करोड़ रुपये और किचन एप्लायंसेज पर 1.1 करोड़ रुपये खर्च किये गये। दावा किया जा रहा है कि केजरीवाल के बंगले में 23 पर्दे लगे हैं। जिनकी कीमत करीब एक करोड़ रुपये से ज्यादा है। इसी तरह वार्डरोब पर 40 लाख रुपये और दीवार की साज-सज्जा पर 4 करोड़ से अधिक और दो किचन पर 64 लाख से अधिक का खर्च किया गया। 20 लाख रुपये की खास तरह की कालीन बिछाई गई है तो केजरीवाल के कैंप ऑफिस में 8.11 करोड़ रुपये खर्च कर उसका रेनोवेशन किया गया।

तो एलजी अपने कब्जे में ले लें केजरीवाल का घर-कक्कड़

केजरीवाल के सरकारी बंगले को लेकर चल रहे विवाद के बीच आम आदमी पार्टी राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ ने एलजी सक्सेना से केजरीवाल का घर अपने कब्जे में लेने की अपील की है। उन्होंने एलजी वीके सक्सेना से आप संयोजक का घर लेने और मुख्यमंत्री को अपना घर देकर विवाद खत्म करने को कहा है। दरअसल केजरीवाल पर रुपये खर्च करने का आरोप लगाया जा रहा है। 45 करोड़ खर्च किए गए हैं। बीजेपी की ओर से उठाए गए इस ताजा विवादित मुद्दे में अब कांग्रेस भी शामिल हो गई है।

आप ने माना 30 करोड़ खर्च हुए

आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने कहा कि अडानी के मसले से ध्यान हटाने के लिए ये पूरा मामला लाया गया है। इस बीच आम आदमी पार्टी की ओर से पलटवार करते हुए कहा है कि बंगले की मरम्मत पर 45 करोड़ रुपये नहीं 30 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। साथ ही कहा गया है कि जिस बंगले में केजरीवाल रहते हैं वह करीब 80 साल पुराना है। इसकी 3 बार छत भी गिर चुकी है। आप सांसद संजय सिंह ने पीएम मोदी से लेकर दिल्ली के एलजी के बंगले की कीमत गिना दी और कहा कि एलजी के बंगले की मरम्मत पर 15 करोड़ में खर्चे हुए थे। सेंट्रल विस्टा में बन रहे प्रधानमंत्री के आवास पर करीब 500 करोड़ रुपये खर्च किये जा रहे हैं। इतना ही नहीं उन्होंने कहा पीएम मोदी के लिए तो कोरोना काल में 12 करोड़ की गाड़ी खरीदी गई थी।

केजरीवाल के बंगले पर बीजेपी, कांग्रेस की तिरछी नजर

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