आज गुरुवार 31 जुलाई को देशभर के लिए मौसम के लिहाज से माह का अंतिम आज का दिन भारी साबित हो सकता है। भारतीय मौसम विभाग IMD की माने तो 31 जुलाई गुरुवार के दिन को देश के कई हिस्सों में तेज बारिश, वज्रपात और आंधी-तूफान की चेतावनी जारी की गई है। खासकर उत्तर भारत और मध्य भारत के साथ पूर्वी और दक्षिणी राज्यों में भी भारी बारिश से बाढ़ और भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है। इसके पीछे प्रमुख कारण एक सक्रिय चक्रवाती परिसंचरण प्रणाली है, जिसने पूरे मौसम तंत्र को बेहद सक्रिय बना दिया है।
मौसम अलर्ट | 31 जुलाई 2025 की रिपोर्ट
इन राज्यों में खतरे की घंटी?
उत्तर भारत: दिल्ली-NCR, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, और हिमाचल-उत्तराखंड में आज बादल पूरी तरह से छाए रहेंगे। कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश और वज्रपात की संभावना है।
मध्य भारत: मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और गुजरात में भी तेज बारिश, बिजली गिरने और तूफानी हवाओं के साथ मौसम बिगड़ सकता है। पूर्वोत्तर भारत: असम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, सिक्किम और नागालैंड जैसे राज्यों में नदी जलस्तर बढ़ने से बाढ़ की आशंका जताई गई है। दक्षिण भारत: केरल, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तेलंगाना समेत अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में भारी वर्षा और तेज हवाओं का अलर्ट है। हिमालयी क्षेत्र: हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में बादल फटने और लैंडस्लाइड का रेड अलर्ट जारी किया गया है।
उत्तर प्रदेश में बादल-बारिश और वज्रपात का डबल अटैक
उत्तर प्रदेश के अधिकांश जिलों में मौसम बेहद अस्थिर रहेगा। IMD के मुताबिक, बुंदेलखंड क्षेत्र (चित्रकूट, बांदा, हमीरपुर, झांसी) के साथ-साथ मध्य और पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिले जैसे प्रयागराज, लखनऊ, कानपुर, रायबरेली, गाजियाबाद, नोएडा, मथुरा, मेरठ, बनारस आदि में आंधी-तूफान, वज्रपात और भारी बारिश की प्रबल संभावना है। गंगा, यमुना, गोमती, बेतवा, केन, शारदा, घाघरा जैसी नदियों के जलस्तर में लगातार वृद्धि हो रही है। तराई क्षेत्रों में बाढ़ जैसे हालात, फसलों और यातायात पर असर संभव।
मौसम विभाग की सलाह
किसानों और खुले में काम कर रहे लोगों को चेतावनी: बिजली गिरने के समय खुले स्थानों, खेतों, तालाबों और पेड़ों के नीचे खड़े न हों। सभी नागरिकों को मौसम अपडेट्स पर नजर रखने, बिना जरूरत घर से बाहर न निकलने की सलाह दी गई है। किसानों को खेतों में न रुकने और बिजली गिरने के समय आश्रय लेने की सलाह। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा टालने की अपील, क्योंकि भूस्खलन और बादल फटने का खतरा अधिक है। जिला प्रशासन ने आपदा प्रबंधन दलों को अलर्ट मोड में रखा है।
31 जुलाई का दिन पूरे भारत में मौसम के लिहाज से चुनौतीपूर्ण रहने वाला है। आसमान में काले बादल, तेज बारिश, वज्रपात और आंधी-तूफान का दौर कई राज्यों में आम जनजीवन को प्रभावित कर सकता है। इस स्थिति में सतर्क रहना, मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लेना और सुरक्षात्मक उपाय अपनाना अत्यंत आवश्यक है।…प्रकाश कुमार पांडेय





