मध्य प्रदेश चुनाव 2023 में भी हावी रहेगा मोदी फैक्टर, एमपी का चुनाव लोकसभा का वॉर्म अप मैच…
मध्यप्रदेश चुनाव 2023 में भारतीय जनता पार्टी के सबसे बड़े स्टार प्रचारक और देश के सर्वाधिक लोकप्रिय नेता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लगातार रैलियां और उन्हें मिलता जनाशीर्वाद यह दर्शाता है कि इस बार प्रदेश के चुनाव में मोदी फैक्टर (Modi Factor) जमकर हावी रहने वाला है। भले ही मप्र चुनाव में भाजपा इस बार सामूहिक नेतृत्व में चुनाव लड़ रही हो पर मोदी को आगे रखकर बीजेपी एक बार फिर सत्ता पर काबिज रह सकती है। मप्र व अन्य राज्यों में मोदी का प्रचार अगले वर्ष होने वाले लोकसभा चुनाव के वॉर्मअप मैच के तौर पर भी देखा जा रहा है।
15 दिनों में तीसरे बार मप्र में PM Modi
भाजपा यह जानती है कि मोदी (PM Modi) की लोकप्रियता पार्टी के किसी भी नेता से सबसे ज्यादा है। ऐसे में प्रचार थमने से पहले मोदी की एक के बाद एक रैलियां और जनसभाएं आयोजित की जा रही है। पिछले 15 दिनों में ही मोदी का यह तीसरा मप्र दौरा है और एक महीने में ही वे चार बार मध्यप्रदेश की धरती पर आ चुके है।
3 दिसंबर को जीत के साथ खाएंगे रतलामी सेव
आज 4 नवंबर शनिवार को पीएम मोदी मध्यप्रदेश के रतलाम पहुंचे। शाम 4.15 बजे पीएम मोदी ने हजारों की तादाद में उपस्थित रतलामवासियों को संबोधित किया। उन्होंने अपने भाषण की शुरूआत खाटू श्याम जी को प्रणाम करते हुए की। इसके बाद पीएम मोदी ने कहा,’रतलाम की पहचान स्वाद के लिए है, रतलाम आए और रतलामी सेव नहीं खाया तो उसे रतलाम आया माना नहीं जाता है। जब 3 दिसंबर को भाजपा सरकार की वापसी का जश्न मनेगा, तो लड्डू के साथ रतलामी सेव भी खूब खाया जाएगा।’
कपड़ा फाड़ राजनीति पर दिग्विजय-कमलनाथ पर निशाना
पीएम मोदी ने बिना नाम लिए वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह व पूर्व सीएम कमलनाथ पर जमकर निशाना साधा उन्होंने कहा कि मप्र के दो वरिष्ठ नेताओं के बीच कपड़ा फाड़ की राजनीति चल रही है। ये लोग एक दूसरे के कपड़े फाड़ने में लगे हुए हैं और जहां इन्हें लोगों ने मौका दिया, इन्होंने जनता के भी कपड़े फाड़े। पीएम मोदी ने अपने संबोधन में आगे कहा, ‘मेरे परिवारजनों एमपी में भाजपा के समर्थन में चल रही ये आंधी अद्भुत है। जो लोग दिल्ली में बैठकर गुणा-भाग करते हैं, उनका हिसाब किताब बदल जाएगा। अब चर्चा ये नहीं हो रही कि कौन जीतेगा, अब चर्चा ये है कि भाजपा को दो तिहाई बहुमत मिलेगा या उससे कम? इसलिए एमपी कह रहा है, एक बार फिर भाजपा सरकार। इनको (कांग्रेस को) अवसर देना बहुत बड़ा संकट ही है। उनको पता है उनकी दाल यहां नहीं गलने वाली। कांग्रेस मतलब घोटाला, कांग्रेस मतलब राज्य को बीमार बनाना। राजस्थान और छत्तीसगढ़ का 5 साल में कांग्रेस ने बुरा हाल कर दिया है।’
मप्र के लोगों का भाजपा पर अटूट विश्वास
पीएम मोदी ने कहा कि ये भाजपा ही है जिसने एमपी को रोड, रेल और औद्यिगिक विकास दिया, इसलिए एमपी के लोग भाजपा पर अटूट विश्वास करते हैं। आज केंद्र में दस साल से भाजपा सरकार है, वो भाजपा सरकार जिसने देश को विश्व में पांचवें नंबर की आर्थिक शक्ति बना दिया, जिसने कोरोना संकट में देश को पिछड़ने नहीं दिया, जिसके कार्याकल में देश ने चंद्रमा पर अपना झंडा गाड़ा, आज भारत की ये जो नई बुलंदी है, इसमें मप्र का बहुत बड़ा योगदान है। इसलिए आज लोग कहते हैं कि एमपी के मन में………। (इसी बीच हजारों की तादाद में लोग मोदी-मोदी के नारे लगाने लगते हैं।)
क्यों मोदी फैक्टर दिखाएगा असर?
भारतीय जनता पार्टी ने इस बार के विधानसभा चुनावों में पूरी ताकत झोंक दी है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि मोदी की अगुवाई में प्रचार करना बीजेपी को और फायदा पहुंचाएगा। दरअसल, किसी नेता की लोकप्रियता का प्रतिशत पार्टी के वोट शेयर से कंपेयर किया जाता है। रिपोर्ट्स के मुताबिक इस मामले में मोदी सबसे ज्यादा लोकप्रिय नेता हैं और बीजेपी के सबसे बड़े स्टार प्रचारक। यही वजह है कि पीएम मोदी के नेतृत्व में मप्र चुनाव का प्रचार करना भारतीय जनता पार्टी को अच्छे परिणाम दे सकता है। पार्टी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Pm Modi) के माध्यम से कमजोर सीटों पर भी ज्यादा फोकस कर रही है, जो पिछले चुनावों में उसने हारी थीं।