भारत को रूस से S-400 की चौथी यूनिट मिलने की तैयारी, वायु सुरक्षा में होगा बड़ा इजाफा
भारत की एयर डिफेंस क्षमता को और सशक्त बनाने के लिए रूस से खरीदी गई S-400 Triumf की चौथी यूनिट अगले महीने की शुरुआत में देश पहुंचने की संभावना है। सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक, यह अत्याधुनिक मिसाइल सिस्टम भारतीय वायुसेना की ताकत को एक नया आयाम देगा और दुश्मन के हवाई खतरों से सुरक्षा और मजबूत होगी।
2018 में हुआ था बड़ा समझौता, अब तक तीन यूनिट मिल चुकी हैं और चौथी रास्ते में है
अक्टूबर 2018 में भारत ने रूस के साथ करीब 5 अरब डॉलर का बड़ा रक्षा समझौता किया था, जिसके तहत कुल पांच S-400 यूनिट की खरीद तय हुई थी। इनमें से तीन यूनिट पहले ही भारत को मिल चुकी हैं और अब चौथी यूनिट की डिलीवरी तय समयसीमा के अनुसार जल्द होने वाली है। जानकारी के मुताबिक, पांचवीं यूनिट भी नवंबर तक भारत को सौंप दी जाएगी।
ऑपरेशन और सैन्य उपयोग में S-400 ने साबित की अपनी अहमियत और विश्वसनीयता
हाल के सैन्य अभियानों और ऑपरेशन ‘सिंदूर’ के दौरान S-400 सिस्टम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। 7 से 10 मई के बीच हुए सैन्य तनाव में भारतीय वायुसेना ने इन मिसाइल प्रणालियों का प्रभावी उपयोग किया, जिससे यह साफ हो गया कि यह सिस्टम देश की सुरक्षा के लिए कितना जरूरी है।
भारत ने पांच और यूनिट खरीदने को दी मंजूरी, कुल संख्या बढ़कर 10 होने की तैयारी
भारत ने हाल ही में S-400 की अतिरिक्त पांच यूनिट खरीदने का भी निर्णय लिया है। इस नए प्रस्ताव के लागू होने के बाद देश के पास कुल 10 यूनिट हो जाएंगी, जिससे एयर डिफेंस नेटवर्क और अधिक मजबूत होगा। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम भारत की रणनीतिक क्षमता को और ऊंचाई देगा।
अमेरिका की चेतावनी के बावजूद भारत ने जारी रखा सौदा, प्रतिबंधों का खतरा कम
इस डील के दौरान अमेरिका ने CAATSA कानून के तहत प्रतिबंध लगाने की चेतावनी दी थी, लेकिन भारत ने अपनी सुरक्षा प्राथमिकताओं को ध्यान में रखते हुए समझौते को आगे बढ़ाया। सूत्रों का कहना है कि नई खरीद को पहले के समझौते का विस्तार माना जाएगा, जिससे अमेरिकी प्रतिबंधों की आशंका बेहद कम है।





