क्या ट्रंप ने शी जिनपिंग की “निजी डायरी” पढ़ी? वायरल वीडियो का सच क्या है
एडिटेड क्लिप ने बढ़ाया भ्रम
वायरल क्लिप केवल कुछ सेकंड की थी। उसमें ऐसा लग रहा था कि ट्रंप अपने सामने रखी किसी निजी फाइल को देख रहे हैं, जो दोनों नेताओं के बीच टेबल पर रखी थी। यही वजह रही कि सोशल मीडिया पर यह दावा फैल गया कि वह दस्तावेज शी जिनपिंग का निजी नोटबुक या डायरी था।
पूरा वीडियो देखने पर सामने आया सच
हालांकि बाद में सामने आए पूरे आधिकारिक वीडियो ने इस दावे को गलत साबित कर दिया। वीडियो में साफ दिखाई देता है कि ट्रंप जिस डायरी को देख रहे थे, वह उनके सामने रखी आधिकारिक नोटबुक थी। उस डायरी पर अमेरिकी सरकार का लोगो भी नजर आता है। यानी वह अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल के उपयोग के लिए रखी गई सामग्री थी, न कि शी जिनपिंग की निजी डायरी। असल में भ्रम इसलिए पैदा हुआ क्योंकि नोटबुक दोनों नेताओं के बीच रखी हुई दिखाई दे रही थी।
चीन दौरे पर क्या बोले ट्रंप
डोनाल्ड ट्रंप ने चीन दौरे के बाद कहा कि उनकी और शी जिनपिंग की बातचीत सकारात्मक रही। दोनों नेताओं के बीच व्यापार, तकनीक और द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा हुई। ट्रंप ने दावा किया कि दोनों देशों के बीच “बेहतरीन ट्रेड डील” पर भी चर्चा हुई है और आने वाले समय में रिश्ते और मजबूत हो सकते हैं।
सोशल मीडिया पर कैसे फैलता है भ्रम
यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि छोटे एडिटेड वीडियो या अधूरी क्लिप किस तरह गलतफहमी पैदा कर सकती हैं। कई बार किसी वीडियो का संदर्भ हटाकर पेश करने से पूरी कहानी बदल जाती है। इस मामले में भी कुछ सेकंड की क्लिप वायरल हुई, लेकिन पूरा वीडियो सामने आने पर दावा गलत साबित हो गया। सोशल मीडिया पर किया जा रहा यह दावा सही नहीं है कि डोनाल्ड ट्रंप ने शी जिनपिंग की निजी डायरी पढ़ने की कोशिश की। उपलब्ध आधिकारिक वीडियो के अनुसार वह अपने लिए रखी गई आधिकारिक नोटबुक ही देख रहे थे।





