अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी का मामला अब सुप्रीम कोर्ट की चौखट तक पहुंच गया है। इस मामले में दायर याचिका को सोमवार को मेंशनिंग के लिए सूचीबद्ध किया गया है। दूसरी ओर पुलिस और जांच एजेंसियों ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई और तेज कर दी है।
- राम मंदिर चोरी केस अब सुप्रीम कोर्ट में
- सोमवार को मेंशनिंग के लिए सूचीबद्ध याचिका
- चारों आरोपी पहले ही हो चुके गिरफ्तार
- आरोपियों के घरों पर पुलिस की छापेमारी
- ट्रस्ट ने SIT रिपोर्ट के बाद FIR दर्ज कराई
राम मंदिर दान चोरी मामले में गठित एसआईटी की जांच रिपोर्ट के आधार पर मंदिर ट्रस्ट ने एफआईआर दर्ज कराई थी। जांच के दौरान चारों मुख्य आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य सबूत जुटाने में लगी हुई है।
जांच के सिलसिले में पुलिस ने मुख्य आरोपी टिन्नू यादव के घर समेत उसके परिजनों के ठिकानों पर छापेमारी की है। अधिकारियों का कहना है कि मामले से जुड़े दस्तावेज और अन्य साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं ताकि जांच को मजबूत किया जा सके।
अब इस पूरे मामले में सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल होने के बाद कानूनी पहलू भी अहम हो गया है। सोमवार को होने वाली मेंशनिंग के बाद अदालत इस मामले में आगे की सुनवाई पर फैसला ले सकती है।
राम मंदिर जैसे आस्था के केंद्र से जुड़े इस संवेदनशील मामले पर पूरे देश की नजर बनी हुई है। एक ओर पुलिस जांच जारी है, तो दूसरी ओर सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका के बाद इस प्रकरण ने नया कानूनी मोड़ ले लिया है।