Tuesday, October 27, 2026
  • Contact
India News
  • मुख्य समाचार
  • राजनीति
  • संपादक की पसंद
  • शहर और राज्य
    • उत्तर प्रदेश
      • आगरा
      • कानपुर
      • लखनऊ
      • मेरठ
    • छत्तीसगढ
      • जगदलपुर
      • बिलासपुर
      • भिलाई
      • रायपुर
    • दिल्ली
    • बिहार
      • पटना
    • मध्य प्रदेश
      • इंदौर
      • ग्वालियर
      • जबलपुर
      • भोपाल
    • महाराष्ट्र
      • नागपुर
      • नासिको
      • पुणे
      • मुंबई
    • राजस्थान
      • अजमेर
      • कोटा
      • जयपुर
      • जैसलमेर
      • जोधपुर
  • स्टार्टअप
  • कृषि
  • मनोरंजन
  • बिजनेस
  • धर्म
  • ऑटो
  • सरकारी नौकरी
  • वीडियो
No Result
View All Result
India News
Home शहर और राज्य उत्तर प्रदेश

विधानसभा चुनाव 2027: यूपी की सियासत में नारों का सत्ता-सूत्र…कभी जाति की हुंकार तो कभी विकास का दावा…!

DigitalDesk by DigitalDesk
October 27, 2026
in उत्तर प्रदेश, मुख्य समाचार, राजनीति, लखनऊ, शहर और राज्य
0
2027-assembly-elections
0
SHARES
0
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterWhatsapp

देश में उत्तर भारत की राजनीति को सीधे तौर पर प्रभावित करती है। अगर देश की सत्ता को देखे तो राज करने के लिए भी उत्तरप्रदेश में जीत जरूरी है। यूपी की राजनीति आमतौर पर जातिगत समीकरणों के खासा असर पड़ता है और उससे मजेदार बात ये है कि इस जातिगत राजनीति के हिसाब से ही राजनीतिक दल टिकट बंटवारे से लेकर गठबंधन की शर्ते तय करते हैं।

इंदिरा से योगी-अखिलेश तक बदली चुनावी भाषा की चाल
2027 में किसका संदेश जनता के मन तक पहुंचेगा?

Related posts

Mahabharat within Maharashtra Mahayuti! From an audio controversy to the Chief Minister chair

महाराष्ट्र की महायुति में महाभारत! ऑडियो विवाद से मुख्यमंत्री की कुर्सी तक, सत्ता के लिए शह-मात

October 27, 2026
Dispute arises during vote counting for eight seats

बिहार विधान परिषद चुनाव: आठ सीट पर मतगणना के बीच विवाद..चार राज्यों की 28 सीटों पर आज खुल रहा उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला

October 27, 2026

ऐसे में हर पार्टी हर साल एक नए नारे के साथ चुनावी मैदान में होती है। मजेदार बात ये है कि इन नारों में नेताओं के नाम तो होते ही हैं लेकिन उसके साथ ही साथ राजनीति में जाति से जुड़े नारों का भी भरपूर उपयोग होता है। ऐसे में आइये जानते हैं कि अब तक जितने भी सियासी नारे चुनाव से पहले बुलंद किये गये रहे वो किस किस समय और कैसे लिखे गए थे। उन नारों का इम्पैक्ट यानी प्रभाव कितना रहा। साथ ही अब 2027 के यूपी विधानसभा चुनाव में आखिर कौन सा नारे का जोर देखने को मिलेगा।

उत्तरप्रदेश की राजनीति में विभिन्न चुनावों और आंदोलनों के दौरान कई नारे बेहद सुर्खियों में रहे हैं। समय-समय पर प्रमुख राजनीतिक दलों द्वारा दिए गए चर्चित नारे इस प्रकार हैं:
1980 के दशक काा नारा
“जब तक सूरज चांद रहेगा, इंदिरा तेरा नाम रहेगा” – कांग्रेस का बेहद लोकप्रिय नारा।
1990 के दशक का नारा
“राम लला हम आएंगे, मंदिर वहीं बनाएंगे” (1991) – भारतीय जनता पार्टी (BJP) और राम मंदिर आंदोलन से जुड़ा ऐतिहासिक नारा।
“मिले मुलायम कांशीराम, हवा में उड़ गए जय श्री राम” (1993) – समाजवादी पार्टी (SP) और बहुजन समाज पार्टी (BSP) के गठबंधन के समय का नारा।

2007 के विधानसभा चुनाव का नारा

मायावती की पार्टी बीएसपी ने सोशल इंजीनियरिंग साधने के लिए नारा दिया था हाथी नहीं गणेश है…ब्रह्मा विष्णु महेश है। इसके साथ ही ब्राह्मण शंख बजाएगा…हाथी बढ़ता जाएगा।

2017 के विधानसभा चुनाव का नारा

बीजेपी ने अबकी बार 300 के पार का नारा बुलंद किया।

समाजवादी पार्टी के समर्थकों ने नारा लगाया कि जिसका जलवा कायम है। उसका बाप मुलायम है। जीत की चाभी डिंपल भाभी इसके साथ ही यूपी की मजबूरी है अखिलेश यादव जरूरी है का नारा भी सपा समर्थकों ने लगाया।

2022 के विधानसभा चुनाव का नारा

फिर एक बार योगी सरकार” और “यूपी + योगी = उपयोगी” – यह नारा बीजेपी ने लगाया था।

समाजवादी पार्टी की ओर से नारा बुलंद किया गया कि आ रहे हैं अखिलेश साथ ही बाइस में बाइसकल का नारा भी चर्चा में रहा। वहीं “नई हवा है, नई सपा है का नारा समाजवादी पार्टी के समर्थकों ने बुलंद किया था।

कांग्रेस की ओर से प्रियंका गांधी ने लड़की हूँ, लड़ सकती हूँ का नारा दिया था, हालांकि यह कारगर साबित नहीं हुआ। बीएसपी का नारा था…बहन जी हैं सबकी आस, लेकिन बीएसपी को मायूस होना पड़ा।

राजनीति में नारे महज शब्द नहीं रहे। कभी इन्होंने जातीय समीकरणों को आवाज दी, कभी सामाजिक न्याय की बहस को धार दी, तो कभी सत्ता परिवर्तन की आकांक्षा को जन-जन तक पहुंचाया। उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव में चुनावी सभाओं से लेकर पार्टियों ने पोस्टर्स और सोशल मीडिया तक सियासी नारे के के माध्यम से अपना संदेश को कम शब्दों में अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने का काम शुरु कर दिया है।

Tags: #2027 Assembly Elections #power formula slogans in UP politics
LIVE India News

लाइव इंडिया न्यूज 2016 से आप तक खबरें पंहुचा रहा है। लाइव इंडिया वेबसाइट का मकसद ब्रेकिंग, नेशनल, इंटरनेशनल, राजनीति, बिजनेस और अर्थतंत्र से जुड़े हर अपडेट्स सही समय पर देना है। देश के हिंदी भाषी राज्यों से रोजमर्रा की खबरों से लेकर राजनीति नेशनल व इंटरनेशनल मुद्दों से जुडी खबरें और उनके पीछे छुपे सवालों को बेधड़क सामने लाना, देश-विदेश के राजनैतिक, आर्थिक और सामाजिक मुद्दों का विश्लेषण बेबाकी से करना हमारा मकसद है।

Vihan Limelite Event & Entertainment Pvt Ltd
Regd Office Flat No 1
Mig 3 E 6
Arera Colony Bhopal

Branch Office
Main Road. Tikraparaa
Raipur CG

Director Deepti Chaurasia
Mobile No 7725016291

Email id - liveindianewsandviews@gmail.com

Currently Playing

मोदी-योगी की सवा घंटे की मुलाकात, यूपी में चुनावी गणित और संगठन की अगली चाल

Modi Yogi 75 minute meeting

मोदी-योगी की सवा घंटे की मुलाकात, यूपी में चुनावी गणित और संगठन की अगली चाल

उत्तर प्रदेश
अजीत अगरकर के बाद कौन बनेगा टीम इंडिया का नया चीफ सेलेक्टर?

अजीत अगरकर के बाद कौन बनेगा टीम इंडिया का नया चीफ सेलेक्टर?

मनोरंजन
हलफनामे में 3.82 करोड़ की संपत्ति, रोल्स रॉयस की कीमत 13 करोड़, मैथिली ठाकुर पर क्यों उठे सवाल?

हलफनामे में 3.82 करोड़ की संपत्ति, रोल्स रॉयस की कीमत 13 करोड़, मैथिली ठाकुर पर क्यों उठे सवाल?

स्पेशल

RSS feed: Unknown Feed Unknown Feed

  • Contact

© Copyright 2022,LIVE INDIA NEWS. All Rights Reserved | Email: Info@liveindia.news

No Result
View All Result
  • Home
  • मुख्य समाचार
  • शहर और राज्य
  • राजनीति
  • बिजनेस
  • संपादक की पसंद
  • मनोरंजन
  • स्टार्टअप
  • धर्म
  • कृषि

© Copyright 2022,LIVE INDIA NEWS. All Rights Reserved | Email: Info@liveindia.news

Go to mobile version