चीन-किर्गिस्तान-उज्बेकिस्तान रेलवे का किर्गिस्तान में कोशटेबर नॉर्थ
टनल नंबर 2 सुरंग का निर्माण 5 सितंबर को पूरा हो गया है। इसके साथ
नरेन नंबर 1 सुरंग आदि नियंत्रण परियोजनाओं में चरणबद्ध परिणाम प्राप्त
किया गया। इससे जाहिर है कि चीन-किर्गिस्तान-उज्बेकिस्तान रेलवे के
निर्माण में अहम प्रगति मिली है।
चीन-किर्गिस्तान-उज्बेकिस्तान रेलवे कंपनी के संबंधित प्रभारी व्यक्ति
ने कहा कि इस बार जोड़े गए कोशटेबर नॉर्थ टनल नंबर 2 सुरंग की कुल
लंबाई 209.6 मीटर है, जो एकल-बोर एकल-ट्रैक सुरंग है। इसकी अधिकतम
दफन गहराई 41 मीटर है।
बताया जाता ह कि चीन-किर्गिस्तान-उज्बेकिस्तान रेलवे के किर्गिस्तान
में पूरी लाइन की सिविल इंजीनियरिंग का निर्माण जून 2025 में हुआ था।
अब तक बड़ी अस्थाई सड़कों और अस्थाई बिजली आपूर्ति गारंटी
परियोजनाओं का निर्माण पूरा हो चुका है और इस्तेमाल में आ गई हैं। 27
सुरंगों, 43 पुलों, सड़क के 88 तलों और 20 स्टेशनों के लिए बुनियादी
संस्थापनों का निर्माण शुरू हो चुका है।
गौरतलब है कि चीन-किर्गिस्तान-उज्बेकिस्तान रेलवे बेल्ट एंड रोड के
समान निर्माण में प्रतीकात्मक परियोजना है। रेलवे लाइन चीन के
शिनच्यांग उइगुर स्वायत्त प्रदेश के काशगर से शुरू होकर टोरुगाट दर्रे से
किर्गिस्तान में प्रवेश करती है और फिर किर्गिस्तान के सीमा शहर
जलालाबाद से होकर उज्बेकिस्तान के अंदीजान शहर तक जाती है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)





