1. यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो से खुलेगा निर्यात का नया रास्ता
उत्तर प्रदेश अब खुद को सिर्फ घरेलू बाजार तक सीमित नहीं रखना चाहता, बल्कि वैश्विक व्यापार के बड़े केंद्र के रूप में स्थापित करने की तैयारी में जुटा है। इसी कड़ी में ग्रेटर नोएडा में 25 से 29 सितंबर 2026 तक उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो (UPITS) का चौथा संस्करण आयोजित किया जाएगा। इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में होने वाला यह आयोजन प्रदेश की औद्योगिक क्षमता, उत्पादों, तकनीक और निर्यात संभावनाओं को दुनिया के सामने पेश करेगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ट्रेड शो की तैयारियों की समीक्षा करते हुए इसे उत्तर प्रदेश के लिए वैश्विक मंच बताया। सरकार का लक्ष्य है कि इस आयोजन के जरिए प्रदेश के छोटे-बड़े उद्योगों को अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच मिले और उत्तर प्रदेश को विनिर्माण एवं निर्यात के प्रमुख केंद्र के रूप में पहचान मिले।
2. 85 देशों के खरीदार जुटेंगे, हजारों करोड़ के कारोबार का लक्ष्य
UPITS 2026 में दुनिया के 85 से अधिक देशों के खरीदार शामिल होंगे। आयोजन में 550 से ज्यादा अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के पहुंचने की संभावना है। इसके अलावा 2400 से अधिक प्रदर्शक अपने उत्पादों और सेवाओं का प्रदर्शन करेंगे।
सरकार ने इस बार ट्रेड शो के जरिए बड़े व्यापारिक लक्ष्य तय किए हैं। आयोजन में करीब 4000 से अधिक एमओयू होने की संभावना जताई गई है, जबकि 3200 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव और 13,500 करोड़ रुपये से ज्यादा की व्यापारिक पूछताछ का लक्ष्य रखा गया है।
यह आयोजन केवल प्रदर्शनी नहीं होगा, बल्कि देश-विदेश की कंपनियों, निवेशकों और उद्यमियों के बीच व्यापारिक साझेदारी का बड़ा माध्यम बनेगा।
3. ODOP से लेकर डिफेंस तक दिखेगी यूपी की ताकत
इस ट्रेड शो में उत्तर प्रदेश की विविध औद्योगिक क्षमताओं की झलक देखने को मिलेगी। प्रदेश के प्रसिद्ध वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट (ODOP), एमएसएमई, इलेक्ट्रॉनिक्स, आईटी, डिफेंस एवं एयरोस्पेस, कृषि, ई-वाहन, फार्मा, स्टार्टअप और हस्तशिल्प जैसे 27 से अधिक क्षेत्रों को प्रमुखता से प्रदर्शित किया जाएगा।
ODOP के जरिए गांवों और छोटे शहरों के कारीगरों को वैश्विक बाजार से जोड़ने की कोशिश होगी। वहीं इलेक्ट्रॉनिक्स, डिफेंस और ईवी सेक्टर में यूपी की बढ़ती संभावनाओं को भी दुनिया के सामने रखा जाएगा।
विशेषज्ञों के लिए एआई, डिजिटल ट्रेड, फ्री ट्रेड एग्रीमेंट, खाद्य प्रसंस्करण और नई श्रम संहिताओं जैसे विषयों पर नॉलेज सेशन भी आयोजित किए जाएंगे।
4. ‘यूपी फॉर ग्लोबल ग्रोथ’ थीम से दुनिया को संदेश
इस बार ट्रेड शो की थीम “यूपी फॉर ग्लोबल ग्रोथ: इनोवेशन, मैन्युफैक्चरिंग एंड एक्सपोर्ट्स” रखी गई है। इसके जरिए उत्तर प्रदेश अपनी नई औद्योगिक पहचान को दुनिया के सामने रखने की तैयारी कर रहा है।
सरकार ने सिंगापुर, ओमान, ऑस्ट्रिया, ब्राजील, थाईलैंड, जापान, इंडोनेशिया और रूस जैसे देशों के साथ संवाद बढ़ाने की योजना बनाई है। उद्देश्य है कि ज्यादा से ज्यादा विदेशी निवेश और व्यापारिक साझेदारी प्रदेश में आए।
आयोजन स्थल पर प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत की भी झलक दिखाई जाएगी। कथक, लोकनृत्य और शास्त्रीय संगीत के जरिए यूपी की संस्कृति को वैश्विक मेहमानों के सामने प्रस्तुत किया जाएगा।
5. रोजगार और निवेश को नई रफ्तार देने की तैयारी
UPITS 2026 को केवल व्यापारिक आयोजन नहीं बल्कि रोजगार सृजन के बड़े अवसर के रूप में देखा जा रहा है। राज्य सरकार औद्योगिक विकास के साथ युवाओं के कौशल विकास पर भी जोर दे रही है।
समीक्षा बैठक में सरदार वल्लभभाई पटेल रोजगार एवं औद्योगिक क्षेत्र विकास योजना की भी चर्चा हुई। इस योजना के तहत हर साल 10 लाख युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देने और 80 प्रतिशत प्लेसमेंट का लक्ष्य रखा गया है।
टीसीएस, बीवीजी समूह और हीरानंदानी समूह जैसी कंपनियों ने इस योजना में रुचि दिखाई है। पहले चरण में 19 जिलों में 1320 एकड़ जमीन चिन्हित कर 17 प्रशिक्षण केंद्र विकसित किए जा रहे हैं।
कुल मिलाकर UPITS 2026 उत्तर प्रदेश के लिए एक ऐसा मंच बनने जा रहा है, जहां स्थानीय उत्पादों से लेकर आधुनिक उद्योगों तक की ताकत दुनिया के सामने दिखाई देगी। सरकार की कोशिश है कि यह आयोजन यूपी को “मैन्युफैक्चरिंग हब” और “ग्लोबल एक्सपोर्ट सेंटर” बनाने की दिशा में बड़ा कदम साबित हो।





