भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताज़ा आंकड़ों ने मध्यप्रदेश के मौसम की दोहरी तस्वीर सामने रख दी है। एक तरफ कई जिलों में तापमान 40 डिग्री के पार पहुंचकर लू जैसे हालात बना रहा है, वहीं दूसरी ओर कुछ इलाकों में बारिश और नमी ने राहत दी है।
खजुराहो और ग्वालियर सबसे गर्म
कुछ जिलों में बारिश से राहत
तापमान 41°C के पार पहुंचा
नमी और मौसम में भारी उतार-चढ़ाव
ताजा मौसम डेटा के अनुसार प्रदेश के कई जिलों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार दर्ज किया गया—
- खजुराहो: 41.6°C (प्रदेश में सबसे अधिक)
- ग्वालियर: 41.5°C
- नौगांव: 40.0°C
- राजगढ़: 40.0°C
- टीकमगढ़: 37.5°C
- उज्जैन: 36.5°C
- भोपाल: 36.3°C
इन इलाकों में दिन के समय तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों को बेहाल कर दिया।
कहां मिली राहत?
जहां एक ओर लू का प्रकोप रहा, वहीं कुछ जिलों में बारिश और बादलों ने राहत दी—
- सीधी: भारी वर्षा (लगभग 47.8 mm)
- धार: मध्यम बारिश (16.7 mm)
- शाजापुर: हल्की बारिश (40 mm के आसपास प्रभाव क्षेत्र)
- खंडवा: कुछ स्थानों पर बूंदाबांदी
इन इलाकों में तापमान अपेक्षाकृत नियंत्रित रहा और लोगों को गर्मी से राहत मिली।
तापमान और मौसम का असंतुलन क्यों?
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार वर्तमान स्थिति में—
- पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता
- स्थानीय नमी का असमान वितरण
- मानसून की अस्थिर प्रगति
- और ट्रॉपिकल सिस्टम की कमजोर स्थिति
इन सभी कारणों से मध्यप्रदेश में मौसम बेहद असंतुलित बना हुआ है।
नमी और उमस भी बढ़ी
कई जिलों में तापमान भले ही 35-37 डिग्री रहा हो, लेकिन हवा में नमी अधिक होने से उमस ने लोगों को परेशान किया।
- इंदौर: मध्यम गर्मी और नमी
- जबलपुर: गर्म लेकिन अपेक्षाकृत स्थिर मौसम
- सागर: दोपहर में तेज धूप
हीटवेव अलर्ट जैसे हालात
मौसम विभाग के संकेत बताते हैं कि आने वाले दिनों में—
- पूर्वी और उत्तरी मध्यप्रदेश में गर्मी बढ़ सकती है
- कई जिलों में तापमान 42°C के करीब जा सकता है
- लू चलने की संभावना बनी रहेगी
मानसून की आहट, लेकिन असर सीमित
कुछ जिलों में हल्की बारिश के बावजूद मानसून अभी पूरी तरह सक्रिय नहीं हुआ है। विशेषज्ञों का कहना है कि—“प्रदेश में मानसून की एंट्री हो चुकी है, लेकिन इसकी गति असमान है, इसलिए कहीं बारिश तो कहीं सूखा मौसम बना हुआ है।”मध्यप्रदेश इस समय मौसम के ट्रांजिशन फेज में है। एक ओर गर्म हवाएं और 41°C से अधिक तापमान लू जैसे हालात बना रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ जिलों में बारिश ने स्थानीय राहत दी है। यदि मानसूनी सिस्टम अगले सप्ताह मजबूत होता है, तो प्रदेश में व्यापक बारिश का दौर शुरू हो सकता है, अन्यथा गर्मी का असर और बढ़ने की संभावना बनी रहेगी।





