भोपाल। मध्य प्रदेश में गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। राज्य सरकार आयुष्मान भारत निरामयम योजना के दायरे में हार्ट, लिवर और फेफड़ों के ट्रांसप्लांट को शामिल करने की तैयारी कर रही है। इसके लिए प्रस्ताव पर काम किया जा रहा है। यदि इसे मंजूरी मिलती है, तो महंगे अंग प्रत्यारोपण कराने वाले मरीजों और उनके परिवारों को आर्थिक मदद मिल सकेगी।
प्रस्ताव के तहत इन तीनों जटिल सर्जरी को पहली बार योजना में शामिल करने पर विचार किया जा रहा है। इसके साथ ही इलाज के लिए मिलने वाली सालाना आर्थिक सहायता की सीमा को मौजूदा पांच लाख रुपये से बढ़ाकर दस लाख रुपये करने का विकल्प भी विचाराधीन है।
महंगे इलाज का बोझ होगा कम
हार्ट, लिवर और फेफड़ों का प्रत्यारोपण बेहद जटिल और खर्चीली चिकित्सा प्रक्रियाएं हैं। निजी अस्पतालों में इनके इलाज का खर्च कई परिवारों की आर्थिक क्षमता से बाहर हो सकता है। ऐसे में प्रस्ताव को मंजूरी मिलने पर जरूरतमंद मरीजों को इलाज उपलब्ध कराने में मदद मिल सकती है।
हालांकि, यह प्रस्ताव अभी विचाराधीन है। योजना में इन प्रत्यारोपणों को शामिल करने, आर्थिक सहायता की नई सीमा और पात्रता संबंधी नियमों पर अंतिम निर्णय के बाद ही स्पष्टता आएगी। फिलहाल मरीजों की नजर सरकार के फैसले पर है।





