देशभर में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान समेत कई राज्यों में भारी बारिश से आम जनजीवन प्रभावित हो गया है। एक ओर जहां किसानों के चेहरे पर राहत की मुस्कान है, वहीं कई स्थानों पर बादल फटने, जलजमाव और बिजली गिरने जैसी घटनाओं ने चिंता बढ़ा दी है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अगले तीन दिनों तक उत्तर भारत के कई हिस्सों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
उत्तर प्रदेश: 12 जिलों में रेड अलर्ट जारी, बिजली गिरने का खतरा
उत्तर प्रदेश के मथुरा, आगरा, फिरोजाबाद, मैनपुरी, इटावा, जालौन, महोबा, औरैया, फतेहपुर, प्रयागराज, मिर्जापुर और सोनभद्र में 11 से 13 जुलाई तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
खतरा: मथुरा और आगरा में बिजली गिरने और 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चलने की आशंका जताई गई है।
सावधानी: प्रशासन ने लोगों को खुले में न निकलने, पुराने पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी है।
प्रभाव: ग्रामीण इलाकों में जलभराव और निचले क्षेत्रों में बाढ़ जैसे हालात बनने की संभावना है। वहीं, फसल के लिए यह बारिश बेहद लाभकारी मानी जा रही है।
बिहार: मानसून कमजोर, लेकिन 11 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
बिहार में इस साल मानसून की स्थिति सामान्य से कमजोर बनी हुई है, लेकिन 11 जुलाई को कुछ जिलों में अच्छी वर्षा की उम्मीद है।
जिले:— पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, सिवान, सारण, भोजपुर, गोपालगंज] नवादा, जमुई, बांका, गया, भागलपुर और मुंगेर में बारिश की संभावना है। गर्मी से लोगों को राहत मिलेगी,…जबकि किसानों को धान बुआई के लिए पानी उपलब्ध होगा।
चुनौती: अब तक सामान्य से कम बारिश होने के कारण भूजल स्तर में कमी और खेती की योजना प्रभावित हुई है।
उत्तराखंड और हिमाचल: पहाड़ों में आफत की बारिश
पर्वतीय राज्यों में लगातार बारिश से जनजीवन पूरी तरह प्रभावित है।
हिमाचल प्रदेश: कई जिलों में बादल फटने, भूस्खलन और सड़कें धंसने की खबरें आ रही हैं। नदी-नालों में जलस्तर खतरनाक स्तर पर है।
उत्तराखंड: चमोली, टिहरी, पिथौरागढ़, बागेश्वर और नैनीताल में अलर्ट जारी किया गया है। चारधाम यात्रा पर भी प्रभाव पड़ा है।
यात्रियों के लिए चेतावनी: राज्य सरकार ने पहाड़ी यात्रियों को सतर्क रहने, मौसम अपडेट लेते रहने और सुरक्षित स्थानों पर रुकने की अपील की है।
अन्य राज्यों में भी बारिश का असर
दिल्ली-एनसीआर: भारी बारिश से सड़कें जलमग्न, ट्रैफिक जाम की स्थिति।
राजस्थान: दक्षिणी और पूर्वी हिस्सों में मेघगर्जना के साथ वर्षा।
मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और पश्चिम बंगाल: कहीं हल्की, कहीं मध्यम बारिश का दौर, किसानों को राहत।
मौसम विभाग की अपील
बिजली गिरने की चेतावनी वाले क्षेत्रों में मोबाइल फोन, लोहे की वस्तुएं और खुले स्थानों से बचने की सलाह।
किसानों को खेतों में काम करते समय सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने की अपील।
जहां एक ओर मानसून की बारिश किसानों के लिए अमृत के समान साबित हो रही है, वहीं जनसामान्य को इससे होने वाली दिक्कतों से भी जूझना पड़ रहा है। अगले 2-3 दिन बेहद अहम हैं। लोगों को प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देते हुए सतर्कता बरतनी चाहिए।–प्रकाश कुमार पांडेय