तेजस्वी यादव का मास्टरस्ट्रोक: पंचायत प्रतिनिधियों को पेंशन, ₹50 लाख बीमा और ₹5 लाख की मदद का वादा
चुनावी मौसम में तेजस्वी ने चलाया बड़ा दांव
बिहार विधानसभा चुनाव के बीच रविवार को राजद नेता तेजस्वी यादव ने पटना में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर एक बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि अगर महागठबंधन की सरकार बनी तो राज्य के पंचायत प्रतिनिधियों को पेंशन, ₹50 लाख रुपये का बीमा कवर, और स्वरोजगार के लिए ₹5 लाख की आर्थिक सहायता दी जाएगी। तेजस्वी ने इसे “सम्मान और सुरक्षा का वादा” बताया, साथ ही नीतीश सरकार पर तीखा हमला भी बोला।
तेजस्वी का पंचायत पेंशन मास्टरस्ट्रोक
प्रतिनिधियों को मिलेगा 50 लाख बीमा
स्वरोजगार वालों को 5 लाख मदद
मानदेय दोगुना करने का वादा
बिहार बदलाव के लिए बेचैन – तेजस्वी
बीजेपी-नीतीश सरकार पर तीखा हमला
राहुल-प्रियंका संग प्रचार करेंगे तेजस्वी
बिहार बदलाव के लिए बेचैन है — तेजस्वी यादव
प्रेस कॉन्फ्रेंस में तेजस्वी यादव ने कहा “बिहार के लोग अब बदलाव के लिए बेचैन हैं। 20 साल से खटारा सरकार चली आ रही है। अब जनता नीतीश कुमार और बीजेपी से पूरी तरह ऊब चुकी है। हर वर्ग के लोग महागठबंधन के समर्थन में एकजुट हैं।” तेजस्वी ने कहा कि उनके हर दौरे पर सभी जातियों और धर्मों के लोग बड़ी संख्या में उनके समर्थन में आ रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इस बार जनता ठान चुकी है कि बिहार को नया चेहरा और नई दिशा देनी है।
पंचायत प्रतिनिधियों को मिलेगा पेंशन और बीमा लाभ
तेजस्वी ने पंचायत प्रतिनिधियों को आर्थिक सुरक्षा देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि सत्ता में आने पर हर पंचायत प्रतिनिधि को पेंशन दी जाएगी। ₹50 लाख रुपये का बीमा कवर दिया जाएगा ताकि आकस्मिक मृत्यु या दुर्घटना की स्थिति में परिवार को सुरक्षा मिले। मानदेय को दोगुना करने की भी घोषणा की। उन्होंने कहा, “जो लोग गांव-गांव में लोकतंत्र की जड़ें मजबूत कर रहे हैं, वे आज असुरक्षित हैं। हमारी सरकार उन्हें आर्थिक और सामाजिक सम्मान दोनों देगी।
कारीगरों के लिए भी घोषणा: स्वरोजगार हेतु ₹5 लाख
तेजस्वी ने कहा कि उनकी सरकार कारीगरों, परंपरागत पेशे से जुड़े लोगों को भी सशक्त बनाएगी। सोनार, नाई, लोहार, बढ़ई जैसे पेशेवरों को एकमुश्त ₹5 लाख की आर्थिक मदद दी जाएगी, ताकि वे अपने व्यवसाय को बढ़ा सकें। उन्होंने कहा, “बिहार का असली विकास तभी होगा जब गांवों में रोजगार पैदा होगा।”
उद्योगों पर केन्द्र सरकार को घेरा
तेजस्वी यादव ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि
“बीजेपी ने जानबूझकर बिहार में कारखाने नहीं लगने दिए। बड़ी-बड़ी फैक्ट्रियां, आईटी पार्क और उद्योग गुजरात ले गए। बिहार को सिर्फ धोखा और ठेंगा दिखाया।” उन्होंने दावा किया कि अगर उनकी सरकार बनी तो राज्य में औद्योगिक नीति में बड़ा बदलाव लाया जाएगा, जिससे युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार मिले।
“17 महीने में किया था काम, चाचा पलटे नहीं होते तो…
तेजस्वी ने कहा कि जब वह उपमुख्यमंत्री थे, तब महागठबंधन की सरकार ने 17 महीनों में कई ऐतिहासिक काम किए थे। “अगर चाचा जी (नीतीश कुमार) पलटे नहीं होते, तो आज बिहार का चेहरा कुछ और होता।” उन्होंने कहा कि जनता ने पिछली सरकार को 20 साल दिए, अब वह सिर्फ 20 महीने मांग रहे हैं ताकि जनता को असली विकास दिखाया जा सके।
राहुल और प्रियंका के साथ संयुक्त प्रचार की घोषणा
तेजस्वी यादव ने यह भी कहा कि कांग्रेस और महागठबंधन के अन्य दलों के साथ संयुक्त प्रचार अभियान चलाया जाएगा। जल्द ही राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के साथ साझा रैलियों की शुरुआत होगी।
बिहार में गर्माएगा चुनावी माहौल
तेजस्वी की इस घोषणा को राजनीतिक विश्लेषक “मास्टरस्ट्रोक” बता रहे हैं। पंचायत प्रतिनिधियों की संख्या लाखों में है और ग्रामीण वोटरों पर उनका प्रभाव बड़ा है। इस ऐलान के बाद माना जा रहा है कि महागठबंधन ने गांव-गांव में सीधा संदेश देने की रणनीति अपना ली है। बिहार में पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को है। ऐसे में तेजस्वी यादव का यह बड़ा वादा चुनावी माहौल को और भी गरमाने वाला साबित हो सकता है। प्रकाश कुमार पांडेय