Haryana Surajkund Mela : सूरजकुंड मेले में बड़ा हादसा झूला गिरने से कई घायल, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

हरियाणा के फरीदाबाद में चल रहे प्रसिद्ध सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले में शनिवार को अफरा-तफरी मच गई, जब मेले में लगा एक झूला अचानक टूटकर नीचे गिर गया। हादसे के समय झूले पर कई लोग सवार थे, जिससे मौके पर चीख-पुकार मच गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार झूला पहले ऊपर की ओर अटक गया था, जिसके बाद कुछ ही पलों में उसका संतुलन बिगड़ा और ढांचा नीचे आ गिरा।

झूला टूटने से कई लोग घायल
प्राथमिक जानकारी के अनुसार इस दुर्घटना में नौ से अधिक लोग घायल हुए हैं। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। बताया जा रहा है कि झूले पर उस समय करीब 14 से 15 लोग बैठे थे। एक चश्मदीद ने बताया कि लोग मदद के लिए चिल्ला रहे थे, तभी कुछ लोग दौड़कर पहुंचे और यात्रियों को उतारने की कोशिश की। इसी दौरान रेलिंग का हिस्सा ऊपर से गिर गया, जिससे चोटें आईं। हादसे में एक पुलिस इंस्पेक्टर की मौत की खबर भी सामने आई है, जिसने स्थिति को और गंभीर बना दिया।

पहले भी हुआ था गेट गिरने का हादसा
इसी दिन मेले के गेट नंबर-2 के गिरने की घटना भी सामने आई थी, जिसमें दो लोग घायल हो गए थे। लगातार हुए इन हादसों ने मेले में सुरक्षा इंतजामों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि प्रशासन की ओर से कहा गया है कि घायलों की स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन दो घटनाओं ने व्यवस्थाओं की समीक्षा की आवश्यकता स्पष्ट कर दी है।

सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
मेले में प्रतिदिन हजारों की संख्या में पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे में झूलों और अस्थायी संरचनाओं की मजबूती और नियमित जांच बेहद जरूरी मानी जाती है। स्थानीय लोगों और आगंतुकों ने मांग की है कि मेले में लगे सभी उपकरणों और ढांचों की तत्काल तकनीकी जांच कराई जाए, ताकि आगे कोई बड़ा हादसा न हो।

15 फरवरी तक जारी रहेगा मेला
31 जनवरी से शुरू हुआ सूरजकुंड मेला 15 फरवरी तक चलेगा। यह मेला देश-विदेश के कलाकारों, शिल्पकारों और पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र रहता है। यहां लोककला, हस्तशिल्प, संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां लोगों को विविधता का अनुभव कराती हैं। लेकिन ताजा घटनाओं ने इस सांस्कृतिक उत्सव पर चिंता की छाया डाल दी है।

 

Exit mobile version