भारत में दक्षिण-पश्चिम मानसून अब तेजी से सक्रिय हो गया है और भारतीय मौसम विभाग IMD की माने तो 1 से 6 जुलाई 2025 तक देश के कई हिस्सों में भारी बारिश, आंधी-तूफान और बिजली गिरने की संभावना है। इस दौरान दिल्ली-एनसीआर, महाराष्ट्र, झारखंड, बिहार, उत्तराखंड, ओडिशा, पूर्वोत्तर राज्यों और दक्षिण भारत के कई हिस्सों में येलो और ऑरेंज अलर्ट जारी किए गए हैं।
1 से 6 जुलाई 2025 तक देशभर में होगी भारी बारिश
कई राज्यों के लिए जारी किया विशेष अलर्ट
इन तबाही ला सकता है आसमान से बरसता पानी
तारीखवार बारिश का पूर्वानुमान
1 जुलाई: दिल्ली, मुंबई और हरियाणा में हल्की से मध्यम बारिश… कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ तेज़ हवाएं।
2 जुलाई: यूपी, बिहार, झारखंड और राजस्थान में मानसूनी गतिविधि तेज़… मध्यम से तेज बारिश।
3 जुलाई: झारखंड के छह जिलों (गुमला, सिमडेगा, खूंटी, सरायकेला, पूर्वी व पश्चिमी सिंहभूम) में भारी बारिश, येलो अलर्ट।
4 जुलाई: राजस्थान, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र में तेज़ बारिश, बिजली गिरने की आशंका।
5 जुलाई: मुंबई, पुणे घाटियों और छत्तीसगढ़ में अति-भारी बारिश की चेतावनी, ऑरेंज अलर्ट।
6 जुलाई: दिल्ली-एनसीआर में गरज-चमक और तेज बारिश की संभावना।
राज्यवार मुख्य अलर्ट और संभावित प्रभाव:
दिल्ली-NCR
1–6 जुलाई तक लगातार बारिश।
5-6 जुलाई को ऑरेंज अलर्ट।
जलभराव, ट्रैफिक प्रभावित होने की आशंका।
महाराष्ट्र (मुंबई, पुणे)
1–5 जुलाई तक भारी से अति-भारी वर्षा।
पुणे घाटियों में 160 मिमी तक बारिश का रिकॉर्ड।
ऑरेंज अलर्ट, यातायात और परिवहन बाधित।
झारखंड:
3 जुलाई को छह जिलों में येलो अलर्ट।
बिजली गिरने, आंधी और तेज बारिश की चेतावनी।
उत्तर प्रदेश-बिहार:
गंगा मैदानी क्षेत्रों में मध्यम से तेज बारिश।
कुछ इलाकों में बाढ़ की संभावना।
राजस्थान में 2 से 4 जुलाई 2025 तक पूर्व और पश्चिमी राजस्थान के हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट।
तेज़ हवाओं और गरज-चमक के साथ।
पूर्वोत्तर, बंगाल, ओडिशा:
1–10 जुलाई तक भारी से बहुत भारी बारिश।
भूस्खलन और सड़कें अवरुद्ध होने की आशंका।
दक्षिण भारत (केरल, कर्नाटक, आंध्र):
कोस्टल क्षेत्रों में रेड-ऑरेंज अलर्ट।
नदियों के उफान और मिट्टी धसकने की चेतावनी।
IMD के अलर्ट संकेत:
येलो अलर्ट: सामान्य सतर्कता रखें।
ऑरेंज अलर्ट: स्थिति गंभीर हो सकती है, तैयारी रखें।
रेड अलर्ट: आपातस्थिति जैसी परिस्थिति, तुरंत एक्शन आवश्यक।
सलाह और सावधानियाँ
भारी बारिश वाले क्षेत्रों में अनावश्यक यात्रा से बचें। खेतों में काम करते समय सावधानी बरतें, बिजली गिरने का खतरा। शहरी क्षेत्रों में जलभराव और ग्रामीण क्षेत्रों में मिट्टी कटाव से बचने के उपाय करें।…(प्रकाश कुमार पांडेय)





