आखिर वक्फ बिल पर क्यों बढ़ी रार ?…काली पट्टी बांध कर क्यों किया मुस्लिमों ने गुस्से का इजहार…?

Protest against Wakf Amendment Bill Ramzan Friday prayers black bands tied

आखिर वक्फ बिल पर क्यों बढ़ी रार ?…काली पट्टी बांध कर क्यों किया मुस्लमों ने गुस्से का इजहार

वक्फ संशोधन विधेयक के विरोध के बीच रमजान के आखिरी जुमे पर नमाज के दौरान देशभर में अलग- अलग हिस्सों में मुस्लिमों ने काली पट्टी बांधी। दरअसल ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की ओर से इसे लेकर अपील की गई थी। इसके बाद नमाज से पहले देश के कई शहरों की मस्जिदों में नमाजियों को काली पट्टी बांटी गई। ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल बोर्ड ने जुमा-उल-विदा पर मस्जिद में आते समय काली पट्टियां बांधने के साथ विरोध की एक मौन और शांतिपूर्ण अभिव्यक्ति करने की अपील की थी। बोर्ड ने अपील करते हुए कहा था कि देश के हर मुसलमान की जिम्मेदारी है कि वह वक्फ संशोधन विधेयक का कड़ा विरोध करे।

आखिर क्या है वक्फ संपत्ति?

वक्फ शब्द को अरबी भाषा से लिया गया है। जिसका अर्थ होता है मुसलमानों की ओर से धार्मिक या धर्मार्थ के लिए दान की गई संपत्ति। एक बार वक्फ के रूप में नामित होने के बाद संपत्ति को अल्लाह का मान लिया जाता है। जिससे इस संपत्ति की स्थिति अपरिवर्तनीय हो जाती है। इतना ही नहीं यह निजी स्वामित्व या बिक्री से भी परे हो जाती है।
भारत में वक्फ संपत्तियों का प्रशासन समय के साथ विकास हुआ है। जिसमें वक्फ अधिनियम 1995 प्राथमिक कानूनी स्ट्रक्चर के रूप में काम करता है। इस कानून के अंतर्गत वक्फ संपत्तियों की शिनाख्त और उसकी जांच के साथ डॉक्यूमेंटेशन के लिए एक सर्वे कमिशनर नियुक्त किया जाता है। सर्वे कमिशनर को इन बंदोबस्तों की उचित सूची के साथ संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए गवाहों को बुलाने के साथ ही सार्वजनिक रिकॉर्ड तक पहुंचने का अधिकार है।

संपत्तियों पर अतिक्रमण बना चुनौती

वक्फ की संपत्तियों से जुड़ी सबसे बड़ी चुनौती उस पर अतिक्रमण होना है। इस समस्या से निपटने के लिए ही कानून में वक्फ भूमि पर अवैध रूप से कब्जा करने या उस सं​पत्ति का दुरुपयोग करने के दोषी पाए जाने वालों के लिए जेल की सजा सहित कठोर आर्थिक दंड का प्रावधान किया गया है। साल 2013 में हुए संशोधनों ने इन सुरक्षाओं को और अधिक मजबूत किया है। जिसमें वक्फ की संपत्तियों को बेचने, एक्सचेंज या ट्रांसफर करने पर स्पष्ट रूप से प्रतिबंध लगा दिया गया।

वक्फ अधिनियम में शामिल प्रस्तावित बदलाव

केन्द्र की एनडीए सरकार की ओर से वक्फ अधिनियम में बड़े संशोधन पेश किए हैं। जिसका उद्देश्य आधुनिक और सुव्यवस्थित तरीके से वक्फ संपत्तियों का प्रबंधन करना है। सबसे अहम प्रस्तावों में से एक है कानून का नाम बदलकर यूनिफाइड वक्फ मैनेजमेंट, इम्पावरमेंट, एफिशिएंसी एंड डेवलपमेंट एक्ट 1995 करना है।…प्रकाश कुमार पांडेय

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