आयुष्मान कार्ड e-KYC लिंक – यूज़र मैनुअल
आयुष्मान भारत योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को दिए जाने वाले आयुष्मान कार्ड को सक्रिय (Activate) करने के लिए e-KYC प्रक्रिया अनिवार्य है। खासकर PM CARES for Children योजना के लाभार्थियों के कार्ड शुरुआत में निष्क्रिय (Inactive) रहते हैं, जिन्हें e-KYC सत्यापन के बाद ही सक्रिय किया जाता है। यह प्रक्रिया अब Ayushman Mobile App के माध्यम से आसान और तेज़ बना दी गई है।
1. लाभार्थी पहचान प्रणाली (BIS) – प्रक्रिया का पूरा विवरण
PM CARES for Children योजना के तहत दिए गए आयुष्मान कार्ड तब तक उपयोग में नहीं लाए जा सकते जब तक उन्हें e-KYC के जरिए सक्रिय न किया जाए। इसके लिए सरकार द्वारा पहले से मौजूद AB PM-JAY BIS मॉड्यूल का उपयोग किया जाता है।
-
प्रत्येक लाभार्थी के लिए कार्ड एक्टिवेशन एक बार की प्रक्रिया है।
-
पहले लाभार्थियों को अस्पताल या कियोस्क जाना पड़ता था, लेकिन अब यह काम घर बैठे भी किया जा सकता है।
2. घर बैठे कार्ड एक्टिवेशन की सुविधा
बच्चों को अस्पताल या कियोस्क ले जाने की जरूरत न पड़े, इसके लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) ने Ayushman Mobile App में e-KYC की सुविधा शुरू की है।
-
जिला बाल संरक्षण अधिकारी (DCPO) को ऐप में लॉगिन दिया जाता है
-
DCPO खुद बच्चों के घर जाकर e-KYC पूरा करते हैं
-
इससे प्रक्रिया तेज, सरल और बिना परेशानी के हो जाती है
3. e-KYC प्रक्रिया कैसे पूरी होती है (स्टेप-बाय-स्टेप)
(A) DCPO का घर पर दौरा
जिला बाल संरक्षण अधिकारी लाभार्थी के घर जाते हैं और वहीं कार्ड एक्टिवेशन की प्रक्रिया शुरू करते हैं।
(B) प्री-प्रिंटेड PVC कार्ड
लाभार्थी को पहले से दिया गया PM-JAY ID वाला PVC कार्ड DCPO को दिखाना होता है।
(C) आधार कार्ड से पहचान
पहचान सत्यापन के लिए लाभार्थी का आधार कार्ड दिया जाता है, जिससे e-KYC प्रक्रिया की जाती है।
(D) मोबाइल ऐप से e-KYC
DCPO, Ayushman Mobile App के माध्यम से 23 वर्ष से कम उम्र के लाभार्थियों का आधार आधारित e-KYC पूरा करते हैं।
(E) सफल सत्यापन पर ऑटो-अप्रूवल
-
यदि आधार की जानकारी पूरी तरह मेल खाती है, तो
-
कार्ड अपने आप (Auto-approve) सक्रिय हो जाता है
-
इसके बाद लाभार्थी पैनल में शामिल अस्पतालों में कैशलेस इलाज ले सकता है
4. एक्टिव कार्ड डाउनलोड करने की सुविधा
Ayushman Mobile App के जरिए:
-
लाभार्थी अपना एक्टिव और प्रमाणित कार्ड डाउनलोड भी कर सकता है
-
यह डिजिटल कार्ड भी अस्पताल में मान्य होता है
5. जानकारी में गड़बड़ी होने पर क्या होगा?
अगर e-KYC और आधार की जानकारी में कोई अंतर होता है, जैसे:
-
नाम में अंतर
-
उम्र में अंतर
तो ऐसी स्थिति में:
-
डेटा Level-2 Approver के पास भेजा जाता है
-
यह अधिकारी महिला एवं बाल विकास मंत्रालय (MoW&CD) द्वारा नियुक्त होता है
-
वह जांच कर अंतिम निर्णय लेता है:
-
✔️ स्वीकृत (Approve)
-
❌ अस्वीकृत (Reject)
-
6. इस सुविधा के फायदे
-
बच्चों को अस्पताल ले जाने की जरूरत नहीं
-
प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी
-
समय और मेहनत दोनों की बचत
-
जल्दी कार्ड एक्टिवेशन और इलाज की सुविधा
Ayushman Mobile App के माध्यम से e-KYC की यह नई व्यवस्था PM CARES for Children योजना के लाभार्थियों के लिए बेहद उपयोगी साबित हो रही है। इससे कार्ड एक्टिवेशन की प्रक्रिया सरल, तेज और सुविधाजनक हो गई है। अब योग्य बच्चे बिना किसी परेशानी के आयुष्मान योजना के तहत मुफ्त इलाज का लाभ उठा सकते हैं।