उत्तरप्रदेश मे दलित राजनीति तेज हो गई है। बसपा सुप्रीमों मायावती BSP supremo Mayawati ने नगीना सासंद और आजाद बहुजन समाज पार्टी Azad Bahujan Samaj Party के प्रमुख चंद्रशेखर को खरी खोटी सुनाई। मायावती ने एक्स पर पोस्ट करते हुए चंद्रशेखर को अवरसवादी बताया । उन्होने कहा कि कुछ लोग मेरा और कांशीराम का नाम लेकर दलितों को गुमराह कर रहे हैं। मायावती की माने तो जातिवाद पार्टियां जो सत्ता और विपक्ष में बैठी हैं उन्होंने कुछ अवसरवादी लोगों को मैनेज कर रखा है , यही अवसरवादी लोग कई संगठन और पार्टियां बना लेते हैं साथ दलित औऱ अन्य उपेक्षित लोगों के वोट को बांटने का काम कर रहे हैं मायवाती ने कहा कि यही अवसरवादी लोग और पार्टियां मेरा और कांशीराम का नाम लेकर कहते है कि हम उनके ही मिशन को आगे बढा रहे हैं। लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं होता। मायावती ने लगे हाथ बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग भी कर डाली। उन्होंने कहा कि जातिवादी पार्टियां बहुजन समाज वादी पार्टी को ईवीएम में जीतने नहीं देती। बिहार विधानसभा चुनावों से पहले एक बार फिर बीएसपी सुप्रीमों अपने फार्म में नजर आ रही हैं। उन्होनें अपने भतीजे आकाश आनंद को पार्टी का नेशनल कोआर्डिनेटर बनाकर एक युवा चेहरे को जनता के सामने रखा है और इसी के बाद से वो चंद्रशेखर पर भी निशाना साध रही है जो कभी बीएसपी की निष्क्रियता के चलते नगीना के सांसद बन गए।




