मौसम पूर्वानुमान 11 अक्टूबर, बरसेंगे बादल, ठंड की दस्तक – IMD का अलर्ट जारी…देश में मौसम का मिजाज बदला — ठंड की आहट महसूस होने लगी
मानसून की विदाई के साथ अब देश में ठंड की दस्तक सुनाई देने लगी है। उत्तर भारत में न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस के नीचे पहुंच चुका है। सुबह और शाम हल्की सिहरन के साथ सर्द हवाएं चलने लगी हैं। राजधानी दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, पंजाब, उत्तर प्रदेश और बिहार में तापमान में लगातार गिरावट देखी जा रही है।
11 अक्टूबर 2025 को प्रमुख शहरों का तापमान
शहर न्यूनतम तापमान अधिकतम तापमान
दिल्ली 19°C 29°C
मुंबई 26°C 32°C
जयपुर 19°C 29°C
भोपाल 18°C 28°C
लखनऊ 21°C 31°C
पटना 22°C 32°C
चेन्नई 26°C 31°C
हैदराबाद 21°C 31°C
देहरादून 16°C 26°C
शिमला 8°C 20°C
कश्मीर 3°C 14°C
मौसम विभाग के अनुसार 11 अक्टूबर के दिन बादलों की सक्रियता बढ़ सकती है। इस दौरान कई राज्यों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है।
आईएमडी का वज्रपात अलर्ट
पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत में भारी बारिश की चेतावनी
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि 11 से 13 अक्टूबर के बीच पूर्वोत्तर राज्यों — सिक्किम, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा — में चक्रवाती हवाओं के कारण मूसलाधार बारिश हो सकती है। इस दौरान आकाशीय बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की संभावना है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
दक्षिण भारत में मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी
केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में 11 से 13 अक्टूबर तक भारी वर्षा की संभावना बनी रहेगी। आईएमडी ने कहा है कि समुद्री नमी और चक्रवाती दबाव की वजह से इन राज्यों में अगले तीन दिन तक लगातार बारिश होती रहेगी। तटीय इलाकों में बिजली गिरने और पेड़ों के गिरने जैसी घटनाओं की आशंका है।
पहाड़ों में बर्फबारी से बढ़ेगी सर्दी — तापमान गिरेगा और
जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फ की परत जमने लगी है। श्रीनगर और मनाली में पारा 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक लुढ़क गया है।
आईएमडी के मुताबिक, बर्फबारी के बाद उत्तर भारत में न्यूनतम तापमान और गिरेगा, जिससे सुबह-शाम ठिठुरन बढ़ जाएगी।
कोहरा बढ़ाएगा परेशानी
उत्तर भारत के कई हिस्सों — खासकर दिल्ली-एनसीआर, पंजाब और पश्चिम यूपी — में सुबह के वक्त कोहरा छाने लगा है। यह कोहरा आने वाले दिनों में यातायात और हवाई उड़ानों को प्रभावित कर सकता है।





