Delhi Diwali 2025: सीमित समय के लिए ग्रीन पटाखों की अनुमति, पुलिस गश्त और कड़े नियम लागू

Delhi Diwali 2025: सीमित समय के लिए ग्रीन पटाखों की अनुमति, पुलिस गश्त और कड़े नियम लागू

दिवाली के ठीक पहले दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) की ताजा रिपोर्ट के अनुसार राजधानी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 268 तक पहुँच गया है, जो “बहुत खराब” श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर त्योहार के दौरान अधिक पटाखे जलाए गए तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। ऐसे में नागरिकों की सुरक्षा और वायु प्रदूषण नियंत्रण के लिए सुप्रीम कोर्ट ने सख्त दिशा-निर्देशों के साथ ग्रीन पटाखों की सीमित अनुमति दी है।

कौन से पटाखे होंगे अनुमत
सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार दिल्ली-एनसीआर में केवल NEERI और PESO द्वारा प्रमाणित हरित पटाखे ही बेचे और जलाए जा सकते हैं। पारंपरिक लड़ी पटाखों पर पूरी तरह प्रतिबंध जारी रहेगा। हर हरित पटाखे पर QR कोड अनिवार्य है, जिससे खरीदार असली और नकली उत्पाद में अंतर कर सकें। उल्लंघन करने पर तत्काल बिक्री लाइसेंस रद्द करने का प्रावधान लागू रहेगा।

पटाखे चलाने का समय और अवधि
अदालत ने पटाखों के उपयोग के लिए केवल दो दिन – 19 और 20 अक्टूबर 2025 निर्धारित किए हैं। इन दिनों सुबह 6 बजे से 7 बजे और रात 8 बजे से 10 बजे तक ही पटाखे जलाने की अनुमति होगी। तय अवधि समाप्त होने के बाद पटाखों की बिक्री और उपयोग पूरी तरह निषिद्ध होगा। दिल्ली प्रशासन ने फिलहाल 168 अस्थायी लाइसेंस जारी किए हैं, जिनके माध्यम से केवल प्रमाणित हरित पटाखे ही बेचे जा सकते हैं।

पुलिस और प्रशासन की सख्त निगरानी
दिल्ली पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने संयुक्त गश्त शुरू कर दी है। लक्ष्मी नगर, त्रिलोकपुरी, शाहदरा और करावल नगर जैसे इलाकों में विशेष ध्यान रखा जाएगा, क्योंकि पहले भी इन क्षेत्रों में नियम तोड़े गए थे। केवल QR कोड वाले प्रमाणित पटाखों को अनुमति मिलेगी और बाकी पटाखों को जब्त कर लिया जाएगा। दिवाली के बाद बचा हुआ स्टॉक दो दिन के भीतर लौटाना या नष्ट करना अनिवार्य है।

वायु प्रदूषण के जोखिम और विशेषज्ञ चेतावनी
पर्यावरण विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि इस समय हवा की गति धीमी है और तापमान घट रहा है। इसका मतलब है कि प्रदूषक ऊपर नहीं उठ पाएंगे और स्मॉग की परत और गाढ़ी हो सकती है। डॉ. आर.के. जैन के अनुसार, सांस की बीमारियों वाले लोग विशेष रूप से जोखिम में हैं। उन्होंने नागरिकों से सावधानी बरतने की सलाह दी है।

सुरक्षित और जिम्मेदार दिवाली मनाने की अपील
दिल्ली सरकार और CPCB ने लोगों से अनुरोध किया है कि दिवाली पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी के साथ मनाएं। नागरिकों को केवल प्रमाणित हरित पटाखों का इस्तेमाल करना चाहिए, घर के अंदर और आसपास प्रदूषण कम रखने के उपाय अपनाने चाहिए। इसके अलावा कारपूलिंग और सार्वजनिक परिवहन का अधिक इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है ताकि वाहनों से उत्सर्जन कम हो।

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