Bihar Assembly Election 2025 : बिहार चुनाव से पहले GST में बड़ा बदलाव: केवल दो स्लैब बचे, छोटे व्यापारियों और आम जनता को मिलेगा फायदा

Bihar Assembly Election 2025 : बिहार चुनाव से पहले GST में बड़ा बदलाव: केवल दो स्लैब बचे, छोटे व्यापारियों और आम जनता को मिलेगा फायदा

केंद्र सरकार ने जीएसटी के स्लैब में बड़ा बदलाव किया है। बिहार चुनाव के ठीक पहले इस बदलाव के राजनैतिक मायने भी निकाले जा रहे है। जानकारों की माने तो बिहार चुनाव के पहले जीएसटी के ये बदलाव एनडीए के लिए फायदेमंद साबित हो सकते है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वे लाल किले की प्राचीर से जनता के दीवाली के पहले बड़ा तोहफा देने की बात कही। अब सरकार ने साफ कर दिया है कि जीएसटी में कितना बदलवा किया गया है। किस किस से जीएसटी खत्म कर दी गई है और किस किस सामान में राहत मिल रही है।

छोटे व्यापारिय़ों को फायदा
बिहार चुनावों से पहले जीएसटी में फेरबदल का व्यापक असर होगा। माना जा रहा है कि छोटे छोटे सामानो से जीएसटी खत्म करने का फायदा सीधे तौर पर छोड़े व्यापारियों को मिलेगा। इन सामानों से जीएसटी खत्म होने के बाद से छोटे औऱ मझोले व्यापारियों को फायदा होगा। उनके ऊपर से टैक्स का बोझ खत्म हो जाएगा। बिहार में ज्यादातर छोटे औऱ मझले व्यापारी ज्यादातर बीजेपी के समर्थक माने जाते हैं। ऐसे में जीएसटी के बदलाव से उनका सरकार पर भरोसा बढ़ जाएगा।

मंहगाई में होगी कमी
खाने पीने की छोटी छोटी वस्तुओं से जीएसटी खत्म होने और कई घरेंलू सामानों से जीएसटी को कम किए जाने का व्यापक असर होगा। इससे आम आमदी को सीधे तौर पर मंहगाई से राहत मिलेगी । मंहगाई से राहत मिलने से वोटर वापस बीजेपी औऱ एनडीए के लिए साफ्ट कार्नर रखेगा। इसके चलते अगर मंहगाई औऱ दूसरे मुद्दों पर अगर उसका विश्वास बीजेपी ओऱ एनडीक से डगमगा रहा था वो पास लौट आएगा।

विपक्ष को ढूंढने होंगे मुद्दे
बिहार में अब तक विपक्ष सरकार के खिलाफ सर के मुद्दे को जोर शोर से उठा रहे थे। इसके अलावा रोजगार और पलायन जैसे मुद्दे पहले से ही बिहार में है। अब कम से कम जीएसटी में हुए बदलाव के बाद विपक्ष मंहगाई को मुद्दा नहीं बना पाएगा । विपक्ष के हाथ से मंहगाई जैसा बड़ा मुद्दा छीनता दिखाई दे रहा है।

केवल दो स्लैब ही बाकी रह गए जीएसटी के
सरकार ने जीएसटी में बहुत बड़ा बदलाव किया है। अब जीएसटी में केवल दो ही स्लैब बचे है । ये दोनो 5 से 12 प्रतिशत तक रह गए है। इससे पहले कई सामानों में 28 प्रतिशत तक जीएसटी लगती थी। जीएसटी का बदला हुआ स्लैब इसी महीने 22 सितंबर से लागू होगा

 

 

 

 

 

 

 

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