Stock Market: ट्रंप टैरिफ का असर…लड़खड़ाया शेयर मार्केट… सेंसेक्स ने 600 अंक का लगाया गोता… ताश के पत्तों की तरह बिखरे शेयर
भारतीय शेयर बाजार गुरुवार सुबह खुलते ही लड़खड़ा गया। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा भारत पर लगाए गए 50% अतिरिक्त टैरिफ का असर सीधा भारतीय बाजारों पर पड़ा। बीएसई का सेंसेक्स 657 अंक गिरकर 80,124 के स्तर पर पहुंच गया, जबकि एनएसई का निफ्टी 200 अंक फिसलकर 24,512 के स्तर पर आ गया।
टैरिफ का तगड़ा झटका
27 अगस्त को अमेरिका ने भारत पर नया टैरिफ लागू किया था, लेकिन उस दिन गणेश चतुर्थी की वजह से शेयर बाजार बंद था। दूसरे दिन आज गुरुवार को जब बाजार खुला तो इसका असर साफ नजर आया। निवेशकों की धारणा पर नकारात्मक असर हुआ और विदेशी निवेशकों ने बिकवाली तेज कर दी।
सेंसेक्स पिछले बंद 80,786.54 के मुकाबले 80,754 पर खुला और कुछ ही मिनटों में 657 अंक टूटा। निफ्टी ने पिछले बंद 24,712.05 से गिरकर 24,695.80 पर शुरुआत की और फिर 200 अंक गिर गया।
आईटी और बैंकिंग सेक्टर सबसे ज्यादा प्रभावित
अमेरिका से सबसे ज्यादा कारोबार करने वाले आईटी और टेक सेक्टर के शेयरों में जोरदार गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा बैंकिंग स्टॉक्स भी भारी दबाव में रहे।
एचसीएल टेक 2.30% टूटा
पावरग्रिड 1.50% गिरा
सनफार्मा 1.40% नीचे
टीसीएस 1.30% टूटा
एचडीएफसी बैंक 1.25% लुढ़का
लाल निशान में आधे से ज्यादा कंपनियां
खुलते ही बाजार में बड़ी गिरावट का माहौल बन गया। शुरुआती कारोबार में 1458 कंपनियों के शेयर लाल निशान पर ट्रेड करते दिखे, जबकि 1023 कंपनियों के शेयर ग्रीन जोन में खुले। वहीं 195 कंपनियों के शेयर फ्लैट रहे।
गिरावट के बीच कुछ शेयरों में मजबूती
हालांकि, बिखरते बाजार के बीच कुछ स्टॉक्स मजबूती दिखाने में कामयाब रहे।
हीरो मोटोकॉर्प,
एशियन पेंट्स,
टाइटन
ये शेयर शुरुआती दौर में हरे निशान पर कारोबार करते नजर आए।
निवेशकों की चिंता बढ़ी
ट्रंप प्रशासन के इस फैसले से भारतीय कंपनियों की एक्सपोर्ट कॉस्ट बढ़ने की आशंका है। खासकर आईटी कंपनियों और फार्मा सेक्टर पर इसका दबाव और ज्यादा दिख रहा है, क्योंकि उनकी बड़ी कमाई अमेरिकी बाजारों से आती है। विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले दिनों में विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (FPI) बिकवाली जारी रख सकते हैं।
अर्थ विशेषज्ञों की राय
बाजार आर आर्थिक मामलों के विशेषज्ञों का कहना है कि फिलहाल निवेशकों को घबराहट में बिकवाली करने से बचना चाहिए और लंबी अवधि की रणनीति पर टिके रहना चाहिए। उनका मानना है कि टैरिफ का असर शुरुआती झटके की तरह है, लेकिन कंपनियों की मौलिक स्थिति मजबूत है। आईसीआईसीआई डायरेक्ट के मार्केट एनालिस्ट का कहना है भारत के शेयर बाजार पर अमेरिका के टैरिफ का असर अल्पकालिक रहेगा। आईटी सेक्टर पर दबाव जरूर है, लेकिन घरेलू खपत और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर मजबूत बने हुए हैं। अगर अमेरिका-भारत के बीच टैरिफ को लेकर बातचीत होती है तो बाजार में तेजी लौट सकती है। हालांकि, फिलहाल विदेशी निवेशकों की बिकवाली और डॉलर की मजबूती भारतीय बाजार को नीचे खींच सकती है। आने वाले दिनों में निफ्टी के लिए 24,300 – 24,500 का स्तर अहम सपोर्ट माना जा रहा है। कुल मिलाकर, ट्रंप टैरिफ ने भारतीय शेयर बाजार को बड़ा झटका दिया है। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही बड़ी गिरावट के साथ खुले और आईटी-बैंकिंग स्टॉक्स पर सबसे ज्यादा दबाव रहा। निवेशकों के लिए यह वक्त सावधानी से कदम बढ़ाने का है। (प्रकाश कुमार पांडेय)





