The Kerala Story 2 पर क्यों बढ़ा विवाद? सर्टिफिकेशन पर सवाल, रिलीज पर रोक की मांग..जानें क्यों नाराज हैं सीएम विजयन

The Kerala Story 2

The Kerala Story 2 पर क्यों बढ़ा विवाद?

सर्टिफिकेशन पर सवाल, रिलीज पर रोक की मांग

फिल्म ‘द केरल स्टोरी 2’ को लेकर एक बार फिर विवाद गहराता जा रहा है। सेंसर बोर्ड से U/A सर्टिफिकेट मिलने के बाद केरल में विरोध शुरू हो गया है। फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग को लेकर Kerala High Court में याचिका दायर की गई है। फिल्म के निर्माता Vipul Amrutlal Shah और निर्देशक Kamakshya Narayan Singh एक बार फिर बहस के केंद्र में आ गए हैं।

क्या है विवाद की वजह?

‘द केरल स्टोरी 2’ अपने पहले भाग की तरह लव-जिहाद और धर्म परिवर्तन जैसे संवेदनशील मुद्दों को उठाती है। ट्रेलर में दिखाया गया है कि केरल, राजस्थान और मध्य प्रदेश की कुछ लड़कियां कथित तौर पर आतंकवादी संगठनों के जाल में फंस जाती हैं। विरोध करने वालों का कहना है कि फिल्म के शीर्षक और प्रस्तुति से ऐसा संदेश जाता है मानो यह समस्या मुख्य रूप से केरल से जुड़ी हो, जिससे राज्य की छवि को नुकसान पहुंच सकता है।

मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया

केरल के मुख्य मंत्री Pinarayi Vijayan ने फिल्म को “झूठा प्रोपेगेंडा” बताते हुए इसकी आलोचना की है। उनका कहना है कि इस तरह की फिल्मों से समाज में विभाजन और गलतफहमी बढ़ सकती है।

हाई कोर्ट में याचिका

श्रीदेव नमबोधरी नामक याचिकाकर्ता ने हाई कोर्ट में दायर अपील में कहा है कि फिल्म का टीजर राज्य को नकारात्मक रूप में पेश करता है। याचिका में यह भी तर्क दिया गया है कि फिल्म के संवाद और कथानक से कानून-व्यवस्था प्रभावित हो सकती है तथा विभिन्न समुदायों के बीच तनाव बढ़ सकता है। याचिकाकर्ता की मांग है कि फिल्म की रिलीज पर रोक लगाई जाए या इसके कंटेंट की पुनः समीक्षा कराई जाए।

सेंसर बोर्ड का सर्टिफिकेट

फिल्म को सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) से U/A सर्टिफिकेट मिल चुका है। निर्देशक कामाख्या नारायण सिंह ने कहा था कि यह फिल्म परिवार के साथ देखने योग्य है। हालांकि, सर्टिफिकेशन के बावजूद विवाद थमता नजर नहीं आ रहा। अब सबकी नजर हाई कोर्ट के फैसले पर है। अदालत यह तय करेगी कि फिल्म की रिलीज पर कोई अंतरिम रोक लगाई जाए या नहीं। ‘द केरल स्टोरी 2’ का विवाद एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर रहा है कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और सामाजिक जिम्मेदारी के बीच  संतुलन कैसे बनाया जाए। फिल्म की रिलीज से पहले ही सियासी और सामाजिक बहस तेज हो चुकी है।

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