ग्लोबल एविएशन मार्केट के परिदृश्य को बदलता है चीन द्वारा तैयार C919 विमान

विभिन्न क्षेत्रों में दुनिया को आश्चर्य में डालने वाले चीन ने अब अंतर्राष्ट्रीय कमर्शियल
पैसेंजर विमान परिचालन के क्षेत्र में भी कदम रख दिया है।

हाल ही में चीन द्वारा तैयार C919 विमान ने पहली बार इंटरनेशनल उड़ान भरी। एयर
चाइना द्वारा संचालित यह फ्लाइट पिछले दिनों पेइचिंग से मंगोलिया की राजधानी
उलनबतार के लिये रवाना हुई। जो दो घंटे की उड़ान के बाद अपने गंतव्य स्थल पर पहुंची।
दशकों तक एविएशन सेक्टर पर महज दो-तीन देशों का वर्चस्व रहा है। लेकिन चीन में तेजी
से हो रहा तकनीकी विकास इस एकाधिकार को खत्म करने का काम कर रहा है।
बता दें कि चीन की पहली अंतर्राष्ट्रीय उड़ान चीन के एविएशन सेक्टर के लिए एक बड़ी
कामयाबी मानी जा रही है। साथ ही दुनिया में अपनी धाक जमा चुकी बोइंग और एयरबस
जैसी कंपनियों को बड़ी चुनौती है। हालांकि यूरोपीय एयरबस और अमेरिकी बोइंग अभी
दुनिया भर की एयरलाइंस को अपने विमानों की सप्लाई करती हैं। इस तरह सालों से इन दो
कंपनियों का ग्लोबल एविएशन मार्केट में दबदबा बना हुआ है।

विशेषज्ञों का मानना है कि कमर्शियल एयरक्राफ्ट कॉर्पोरेरेशन ऑफ चाइना (COMAC) द्वारा
तैयार इस विमान के उक्त कंपनियों का विकल्प बनने की व्यापक संभावना है। हालांकि
इसमें कुछ समय लग सकता है।

बताया जाता है कि साल 2026 के मध्य तक COMAC ने करीब 38 से 40 C919 पैसेंजर
जेट डिलीवर किए हैं, जिनमें से लगभग 37 चाइना ईस्टर्न एयरलाइंस, एयर चाइना और
चाइना सदर्न एयरलाइंस आदि के साथ काम कर रहे हैं। इससे पता लगता है कि यह विमान
सुरक्षित और आरामदायक है।

इससे पहले C919 विमान कई बार विदेशी एयर शो में हिस्सा ले चुका है। जिसमें दो बार
सिंगापुर एयर शो और एक बार दुबई एयर शो में इस विमान ने अपनी क्षमता का प्रदर्शन
किया है। चीन का कहना है कि अंतर्राष्ट्रीय हवाई मार्ग पर यह सेवा शुरू होने से C919 की
वैश्विक बाजार में पहुंच और साख मजबूत होगी।

बता दें कि C919 एक सिंगल-आइल, नैरो-बॉडी पैसेंजर प्लेन है, जिसमें करीब 174 यात्री
बैठ सकते हैं। इसे बोइंग 737 MAX और एयरबस A320neo जैसे विमानों के बाजार को
ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। वैसे एयर चाइना द्वारा संचालित C919 विमान
पेइचिंग और उलानबतार के बीच हर दिन उड़ान भर रहा है।

चीन के लिए यह उड़ान इसलिए भी मायने रखती है क्योंकि इससे कमर्शियल एयरक्राफ्ट
कॉर्पोरेरेशन ऑफ चाइना (COMAC) को इंटरनेशनल मार्केट में अपने विमानों की मौजूदगी
बढ़ाने का मौका मिलेगा। COMAC का लक्ष्य चीन की घरेलू जरूरतों के साथ-साथ ग्लोबल
एविएशन इंडस्ट्री में भी अपनी जगह बनाना है।

यह कहने में कोई दोराय नहीं है कि चीनी शोधकर्ता और इंजीनियर नित नए आयाम
स्थापित कर रहे हैं। ऐसे में विश्व की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था चीन हर क्षेत्र में प्रगति
कर रहा है। एविएशन सेक्टर भी इसका एक बड़ा उदाहरण है, क्योंकि विमान के कलपुर्जे
और इंजन बनाने के लिए बेहतरीन और आधुनिक तकनीक की जरूरत होती है। जो अभी
तक विश्व में सिर्फ 4-5 देशों के पास ही है। ऐसे में चीन द्वारा तैयार किया विमान सी
919 ग्लोबल एविएशन मार्केट के परिदृश्य को बदलने की क्षमता रखता है।

(अनिल पांडेय, चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)

 

 

 

 

 

Exit mobile version