डिजिटल शिक्षा से लेकर औद्योगिक विस्तार तक: बिहार सरकार ने लिए कई बड़े फैसले, 800 मेगावाट ताप विद्युत परियोजना को भी हरी झंडी

Bihar government has taken several important decisions related to digital education energy transport and industrial development

डिजिटल लाइब्रेरी से तकनीकी युग की ओर बिहार का कदम, पीरपैंती में सौर ऊर्जा की जगह अब बनेगा ताप विद्युत संयंत्र; बस ऑपरेटरों को मिलेगा अनुदान और उद्योग के लिए अधिग्रहण होगी 2400+ एकड़ ज़मीन

बिहार सरकार ने डिजिटल शिक्षा, ऊर्जा, परिवहन और औद्योगिक विकास से संबंधित कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री डिजिटल लाइब्रेरी योजना (CMDLY) को मंजूरी दी गई, जिसके तहत हर विधानसभा क्षेत्र में एक-एक डिजिटल लाइब्रेरी केंद्र की स्थापना की जाएगी। इस योजना के लिए 94 करोड़ 50 लाख 47 हजार रुपये की स्वीकृति प्रदान की गई है।

डिजिटल शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा कदम

प्रत्येक लाइब्रेरी केंद्र में 10 कंप्यूटर टर्मिनल, हाई-स्पीड इंटरनेट और विद्युत सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए 300 वर्गफुट स्थान की आवश्यकता होगी, जिसे पंचायत भवन, प्रखंड कार्यालय, नगर परिषद, सरकारी स्कूल-कॉलेज परिसर आदि में स्थापित किया जा सकता है। इन केंद्रों के संचालन के लिए सुपरवाइजर और तकनीकी इनचार्ज की भी नियुक्ति की जाएगी।

राज्य स्तर पर एक मॉडल डिजिटल लाइब्रेरी केंद्र पटना में बनाया जाएगा, जिसमें 60 कंप्यूटर होंगे। क्षेत्रीय मॉडल केंद्रों में 50 कंप्यूटरों की व्यवस्था की जाएगी, जिससे छात्रों को तकनीकी रूप से समृद्ध और गुणवत्तापूर्ण डिजिटल शिक्षा सुलभ हो सके।

ऊर्जा क्षेत्र में नया मोड़: सौर नहीं, ताप विद्युत परियोजना

भागलपुर के पीरपैंती में पहले प्रस्तावित सौर ऊर्जा संयंत्र की जगह अब 800 मेगावाट की ताप विद्युत परियोजना स्थापित की जाएगी। इसके तहत तीन यूनिट्स लगाई जाएंगी। यह परियोजना टैरिफ आधारित प्रतिस्पर्धी बोली के माध्यम से दी जाएगी, जहां भूमि 33 वर्षों के लिए 1 रुपये वार्षिक दर पर लीज पर दी जाएगी। यह परियोजना बिहार राज्य पॉवर जेनरेशन कंपनी लिमिटेड को सौंपी गई है।

यात्रियों की सुविधा के लिए बस ऑपरेटरों को अनुदान

दुर्गा पूजा, छठ जैसे त्योहारों के समय देश के अन्य राज्यों से बिहार आने वाले यात्रियों की सुविधा के लिए पीपीपी मॉडल पर अंतरराज्यीय बस सेवा शुरू की जाएगी। इसके तहत बस संचालकों को पीक सीजन में प्रति सीट ₹150 और ऑफ सीजन में ₹300 की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
योजना के तहत अगले 5 साल में करीब 36 करोड़ 35 लाख 28 हजार रुपये खर्च किए जाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। जिसमें पहले साल 7 करोड़ 27 लाख रुपये बिहार आकस्मिक निधि से खर्च होंगे तो इससे दूसरे राज्य यूपी, दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान से बिहार आने-जाने वाले यात्रियों को राहत मिलेगी।
दुर्गा पूजा, छठ जैसे त्योहार पर राहत
अन्य राज्यों से बिहार आने वाले यात्रियों की सुविधा
पीपीपी मॉडल पर अंतरराज्यीय बस सेवा होगी शुरू

उद्योगों को मिलेगा नया विस्तार, अधिग्रहित होगी 2400+ एकड़ जमीन
राज्य सरकार ने औद्योगिक विकास के तहत कई ज़िलों में बड़ी मात्रा में भूमि अधिग्रहण की योजना बनाई है। इनमें शामिल हैं:

नालंदा (हरनौत व चंडी): 524.95 एकड़

मुजफ्फरपुर (पारू, भोजपट्टी, हरपुर): 700 एकड़

सुपौल (सरायगढ़, पिपरा): 498.06 एकड़

कटिहार (मनसाही): 252 एकड़

औरंगाबाद (कुटुंबा): 441 एकड़

इन सभी स्थानों पर अधिग्रहण आधारभूत संरचना विकास प्राधिकरण के माध्यम से किया जाएगा। इससे राज्य में निवेश और रोजगार दोनों को बढ़ावा मिलेगा।

कैबिनेट के अन्य अहम फैसले

मतदान केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था: राज्य में 90,712 मतदान केंद्रों पर दो-दो कैमरे लगाए जाएंगे और वेबकास्टिंग की व्यवस्था की जाएगी। इसके लिए 154 करोड़ 30 लाख रुपये मंजूर किए गए हैं।

पेट्रोल पंप और सीएनजी स्टेशन का मानक: नगरपालिका क्षेत्रों में पेट्रोल पंप एवं सीएनजी स्टेशन खोलने के लिए अब न्यूनतम 20 मीटर लंबाई और 20 मीटर चौड़ाई की ज़मीन आवश्यक होगी।

परिवहन विभाग की नई नियमावली: बिहार परिवहन क्षेत्रीय आशुलिपिक संवर्ग (भर्ती, प्रोन्नति एवं सेवा शर्त) नियमावली 2025 को मंजूरी दी गई है।

जन वितरण प्रणाली में नई छुट्टियां
पीडीएस दुकानें 26 जनवरी, 15 अगस्त
2 अक्टूबर, छठ पूजा
दुर्गा पूजा (नवमी-दशमी)
ईद के दिन बंद रहेंगी।

खनिज संपदा की ई-नीलामी: जमुई के मैग्नेटाइट (लौह अयस्क) खदानों की ई-नीलामी के लिए आरक्षित मूल्य को मंजूरी दी गई है।

इन सभी फैसलों से स्पष्ट है कि राज्य सरकार डिजिटल शिक्षा, ऊर्जा, परिवहन, औद्योगिक विकास और शासन-प्रशासन को आधुनिक और प्रभावी बनाने की दिशा में तेज़ी से काम कर रही है। डिजिटल शिक्षा से लेकर औद्योगिक विस्तार तक: बिहार सरकार ने लिए कई बड़े फैसले, 800 मेगावाट ताप विद्युत परियोजना को भी हरी झंडी डिजिटल लाइब्रेरी से तकनीकी युग की ओर बिहार का कदम, पीरपैंती में सौर ऊर्जा की जगह अब बनेगा ताप विद्युत संयंत्र; बस ऑपरेटरों को मिलेगा अनुदान और उद्योग के लिए अधिग्रहण होगी 2400+ एकड़ ज़मीन का प्रस्ताव शामिल है। प्रकाश कुमार पांडेय

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