बिहार विधानसभा चुनाव से पहले “दामाद” पर गरमाई सियासत
Bihar Assembly Election 2025: बिहार में विधानसभा चुनावों से पहले दामाद का मुद्दा गरमा गया है। केंद्रीय मंत्री और हिंदुस्तान आवाम मोर्चा के सुप्रीमो जितन राम मांझी Jitan ram manjhi ने तेजस्वी यादव Tejashwi Yadav पर जमकर हमला बोला है। मांझी ने तेजस्वी का नाम लिए बिना सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा – दामाद का मुद्दा इसलिए उठाया कि अगर भविष्य में ‘गब्बर सिंह’ बेटी और दामाद को सेट करने को कहे, तो यह कहकर मना किया जा सके कि हमने तो दामाद के मुद्दे पर सरकार को घेरा है। इसलिए बेटी-दामाद को किसी भी कीमत पर एडजस्ट नहीं किया जाएगा।” दरअसल, मांझी ने बिना नाम लिए तेजस्वी यादव और “गब्बर सिंह” कहकर आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव Lalu Prasad Yadav पर निशाना साधा है। उनका आरोप है कि परिवार की बेटी-दामाद को राजनीति से अलग दिखाने के लिए तेजस्वी ने ये चाल चली है। उन्होंने यह भी कहा कि तेजस्वी पहले ही अपने भाई को साइडलाइन कर चुके हैं। मांझी ने तीखा बयान देते हुए कहा – जो अपने घर-परिवार का नहीं हो सकता, वो किसी का नहीं हो सकता।” पिछले दिनों नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने “दामाद आयोग” गठित करने का आरोप लगाया था। दरअसल, सरकार ने कुछ आयोगों का पुनर्गठन किया, जिसमें अनुसूचित जाति आयोग का अध्यक्ष केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान Union Minister Chirag Paswan के जीजा मृणाल पासवान को और उपाध्यक्ष जितन राम मांझी के दामाद देवेंद्र कुमार को बनाया गया। इन्हीं नियुक्तियों के बाद तेजस्वी ने सरकार पर “दामाद आयोग” बनाने का तंज कसा था।