PM मोदी से मिले Anthropic CEO डारियो अमोदोई — बोले, “भारत AI के भविष्य को नया आकार देगा”
प्रधानमंत्री मोदी से हुई हाई-लेवल मीटिंग
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनी Anthropic के सीईओ डारियो अमोदोई की शनिवार को मुलाकात हुई। Anthropic, जो कि AI सेफ्टी और रिसर्च के क्षेत्र में अग्रणी कंपनी है, अब भारत में अपना विस्तार (Expansion) करने जा रही है। इस मुलाकात के बाद डारियो अमोदोई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (Twitter) पर अपनी खुशी जाहिर की और भारत की तकनीकी क्षमताओं की तारीफ की।
AI विस्तार पर हुई अहम चर्चा
बैठक के दौरान भारत में Anthropic के एक्सपेंशन को लेकर विस्तार से चर्चा हुई। अमोदोई ने बताया कि भारत में शिक्षा, कृषि और स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में AI तकनीक के इस्तेमाल से बड़े बदलाव संभव हैं। उन्होंने कहा कि “भारत जिस दिशा में आगे बढ़ रहा है, वह पूरी दुनिया में AI के भविष्य को नई दिशा देगा।”
डारियो अमोदोई ने की भारत की तारीफ
Anthropic के CEO ने पोस्ट में लिखा “आज मुझे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने का सौभाग्य मिला। हमने भारत में Anthropic के विस्तार को लेकर चर्चा की। भारत में Claude Code का इस्तेमाल जून के बाद से 5% बढ़ा है, जो यह दिखाता है कि भारत का डिजिटल इकोसिस्टम तेजी से विकसित हो रहा है। अमोदोई ने आगे लिखा कि भारत में AI शिक्षा, हेल्थकेयर और एग्रीकल्चर सेक्टर को नई ऊंचाई देगा और आने वाले वर्षों में यह दुनिया के लिए AI इनोवेशन हब बन सकता है।
पीएम मोदी ने भी किया रिट्वीट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी अमोदोई की पोस्ट को रिट्वीट करते हुए लिखा “आपसे मिलकर बहुत अच्छा लगा। भारत का टेक इकोसिस्टम और टैलेंट AI की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। हम भारत में Anthropic के विस्तार का स्वागत करते हैं। पीएम मोदी ने यह भी कहा कि भारत में AI आधारित विकास और नवाचार (Innovation) से युवाओं को नए अवसर मिलेंगे।
बेंगलुरु में खुलेगा Anthropic का ऑफिस
Anthropic ने इस हफ्ते की शुरुआत में घोषणा की थी कि कंपनी भारत में अपना पहला ऑफिस बेंगलुरु (Bengaluru) में खोलेगी। यह ऑफिस 2026 की शुरुआत तक चालू होने की उम्मीद है। बेंगलुरु को “भारत की टेक राजधानी” कहा जाता है और यहां Google, Microsoft, Meta जैसी बड़ी कंपनियों के साथ अब Anthropic भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराने जा रहा है।
भारत — AI इनोवेशन का नया केंद्र
भारत में करीब 1 अरब इंटरनेट यूजर्स हैं और यहां का डिजिटल मार्केट तेजी से बढ़ रहा है। AI से संबंधित कामों में भारत के इंजीनियर, डेटा साइंटिस्ट और डेवलपर्स की भागीदारी बढ़ रही है। Anthropic का मानना है कि भारत आने वाले समय में AI रिसर्च और डेवलपमेंट का सबसे बड़ा केंद्र बन सकता है।
अन्य AI कंपनियों की मौजूदगी
AI सेक्टर में पहले से ही कई अंतरराष्ट्रीय प्लेयर्स भारत में सक्रिय हैं
ChatGPT (OpenAI), Google Gemini, Perplexity AI,
DeepSeek, इन सभी के लाखों भारतीय यूजर्स हैं और अब Anthropic का भारत में आना इस प्रतिस्पर्धा को और तेज करेगा।
Anthropic क्या है?
Anthropic की स्थापना पूर्व OpenAI कर्मचारियों द्वारा की गई थी। यह कंपनी मुख्य रूप से AI सुरक्षा (Safety), नैतिक उपयोग और मानव-केंद्रित आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के लिए जानी जाती है। कंपनी का प्रमुख उत्पाद Claude AI और Claude Code है, जो GPT और Gemini जैसे चैट मॉडल्स के समान कार्य करता है।
भारत में AI के सामाजिक लाभ
भारत बनेगा “AI सुपरपावर”
विशेषज्ञों के मुताबिक, भारत में AI का उपयोग खेती-बाड़ी में उत्पादन और मौसम पूर्वानुमान सुधारने। शिक्षा में व्यक्तिगत लर्निंग अनुभव देने। स्वास्थ्य सेवाओं में टेलीमेडिसिन और रोग निदान को बेहतर करने में क्रांतिकारी बदलाव ला सकता है।
Anthropic के भारत आने से यह स्पष्ट है कि दुनिया के बड़े टेक स्टार्टअप अब भारत को AI सुपरपावर के रूप में देख रहे हैं। प्रधानमंत्री मोदी की “AI for All” नीति के तहत भारत न केवल तकनीकी रूप से आत्मनिर्भर बन रहा है, बल्कि वैश्विक इनोवेशन का नेतृत्व भी कर रहा है। PM मोदी और Anthropic CEO की यह मुलाकात सिर्फ एक व्यावसायिक साझेदारी नहीं, बल्कि भारत के टेक भविष्य की नई दिशा है — जहां “मेड इन इंडिया AI” पूरी दुनिया को नई सोच देगा। प्रकाश कुमार पांडेय





