दुबई से तेल अवीव जा रही Flydubai Flight FZ1073 में 30 सितंबर को उस वक्त बड़ा संकट खड़ा हो गया, जब सह-पायलट ने भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर हमला कर दिया। विमान तेजी से नीचे की ओर जाने लगा और कुछ ही समय में करीब 14 हजार फीट की ऊंचाई गंवाने की जानकारी सामने आई। इसी दौरान यात्री यानिव हायून, जो पेशे से प्लंबर हैं, कॉकपिट तक पहुंचे और हमलावर को कंट्रोल से हटाने में मदद की। बाद में उन्होंने विमान के कंट्रोल को खींचकर उसकी गिरावट को संभालने में मदद की।
कॉकपिट का दरवाजा खुला तो अंदर पहुंचे यात्री
हमले के बाद घायल कैप्टन स्मित मच्छार कॉकपिट के दरवाजे तक पहुंचे और उसे खोलने में कामयाब रहे। इसके बाद यानिव हायून और अन्य यात्री कॉकपिट में दाखिल हुए। वहां उन्होंने कैप्टन को घायल अवस्था में देखा, जबकि सह-पायलट कंट्रोल के पास था। हायून ने तुरंत उसे पीछे से पकड़कर कंट्रोल से दूर किया।
हायून ने हमलावर को पकड़ा, यात्रियों ने बांधा
यानिव हायून के मुताबिक, हमलावर विमान के कंट्रोल को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहा था। उन्होंने उसे पकड़कर कॉकपिट से बाहर खींचा। इसके बाद दूसरे यात्रियों ने मिलकर उसे काबू में किया और बांध दिया। इस दौरान विमान अभी भी गंभीर स्थिति में था और तेजी से नीचे जा रहा था। घटना की पूरी परिस्थितियों की जांच अभी जारी है।
डॉक्टर सोता मुसाएव ने घायल कैप्टन को संभाला
कॉकपिट में हमलावर को रोकने के साथ घायल कैप्टन की मदद भी जरूरी थी। डॉ. सोता मुसाएव और दूसरे यात्रियों ने कैप्टन को प्राथमिक उपचार दिया। रिपोर्टों के अनुसार, कैप्टन स्मित गंभीर रूप से घायल हुए थे, लेकिन उनकी हालत बाद में स्थिर हुई।
प्लंबर ने कंट्रोल खींचकर विमान को संभाला
हमलावर को हटाने के बाद भी खतरा खत्म नहीं हुआ था। यानिव हायून ने बताया कि विमान तेजी से नीचे जा रहा था। वह दोबारा कॉकपिट में पहुंचे और योक यानी विमान के कंट्रोल को पीछे की ओर खींचा, जिससे विमान की गिरावट कम करने और उसे लेवल करने में मदद मिली। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार अंतिम सुरक्षित लैंडिंग हायून ने अकेले नहीं कराई। विमान में मौजूद ऑफ-ड्यूटी पायलटों ने बाद में कंट्रोल संभाला और फ्लाइट को सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित उतारा।
‘Mayday’ शो ने कैसे दी हायून को मदद?
सबसे दिलचस्प बात यह है कि यानिव हायून ने बताया कि वे विमान हादसों पर आधारित ‘Mayday: Air Crash Investigation’ डॉक्यूमेंट्री देखते रहे हैं। इसी से उन्हें विमान के कंट्रोल और आपात स्थिति में योक की भूमिका की बुनियादी जानकारी याद थी। संकट के दौरान उन्होंने इसी समझ का इस्तेमाल करते हुए कंट्रोल को पीछे खींचा। हायून की यह जानकारी बाद में प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से बातचीत में भी सामने आई।
इस पूरी घटना में कैप्टन स्मित मच्छार, यानिव हायून, डॉ. सोता मुसाएव और अन्य यात्रियों की भूमिका सामने आई है। हालांकि हमले के मकसद और घटना की पूरी परिस्थितियों की जांच अभी जारी है।





