भोपाल। मध्यप्रदेश में भीषण गर्मी के बीच मौसम ने अचानक करवट ले ली है। प्रदेश के कई हिस्सों में आंधी, बारिश और तेज हवाओं के कारण तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। राजधानी भोपाल समेत अधिकांश जिलों में लोगों को गर्मी से राहत मिली है। इंदौर में जहां तेज आंधी ने लोगों को चौंका दिया, वहीं उज्जैन, गुना, शिवपुरी, सीहोर और टीकमगढ़ सहित कई जिलों में बारिश होने से मौसम सुहावना हो गया। मौसम विभाग ने सोमवार और मंगलवार सुबह तक प्रदेश के करीब 40 जिलों में तेज हवाओं और कहीं-कहीं बारिश का अलर्ट जारी किया है।
- मध्यप्रदेश में बदला मौसम का मिजाज
- आंधी-बारिश से मिली राहत
- 40 जिलों में अलर्ट जारी
- इंदौर, उज्जैन, गुना और सीहोर में आंधी-बारिश
- 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाएं
- 40 से ज्यादा जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट
- मानसून की एंट्री में हो सकती है देरी
राजधानी भोपाल में सुबह से तेज धूप निकलने के बावजूद दोपहर बाद मौसम ने अचानक करवट ली। करीब तीन बजे के बाद आसमान में बादलों की आवाजाही बढ़ी और ठंडी हवाओं के चलने से तापमान में गिरावट दर्ज की गई। पिछले कुछ दिनों से लगातार पड़ रही गर्मी के मुकाबले सोमवार का मौसम काफी राहतभरा रहा। मौसम में आए इस बदलाव का असर लोगों की दिनचर्या पर भी दिखाई दिया और शाम के समय शहर में ठंडक महसूस की गई।
प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी मौसम का असर देखने को मिला। बुंदेलखंड क्षेत्र के टीकमगढ़ में सुबह तेज हवाओं के साथ बारिश हुई, जिससे गर्मी से राहत मिली। गुना में करीब दस मिनट तक तेज बारिश दर्ज की गई, जबकि सीहोर में दोपहर बाद अच्छी बारिश होने से सड़कों पर पानी भर गया। उज्जैन, शिवपुरी और अन्य जिलों में भी बादल छाए रहे और कहीं-कहीं बूंदाबांदी हुई। किसानों के लिए यह बारिश राहत लेकर आई है, हालांकि कुछ क्षेत्रों में तेज हवाओं के कारण फसलों को नुकसान की आशंका भी जताई जा रही है।
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के कई हिस्सों में पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय मौसम प्रणालियों के सक्रिय होने के कारण यह बदलाव देखने को मिल रहा है। इसके चलते भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, श्योपुर, सतना, डिंडोरी, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, निवाड़ी और मैहर सहित कई जिलों में 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं। कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ हल्की बारिश भी दर्ज की गई।
मौसम विभाग ने 2 जून के लिए भी प्रदेश के कई जिलों में बारिश और आंधी की संभावना जताई है। विशेष रूप से धार और बड़वानी जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। वहीं राजगढ़ और आगर-मालवा में बारिश के साथ ओलावृष्टि की भी संभावना व्यक्त की गई है। इसके अलावा भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, अलीराजपुर, झाबुआ, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, श्योपुर, अनुपपुर, डिंडोरी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी और पांढुर्णा में भी आंधी और बारिश के आसार बने हुए हैं।
हालांकि मौसम में बदलाव के बावजूद प्रदेशवासियों को मानसून के लिए अभी थोड़ा और इंतजार करना पड़ सकता है। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार इस बार दक्षिण-पश्चिम मानसून मध्यप्रदेश में सामान्य समय से कुछ देरी से प्रवेश करेगा। वर्तमान आकलन के मुताबिक मानसून 20 से 22 जून के बीच प्रदेश में दस्तक दे सकता है। सामान्य तौर पर मानसून जून के मध्य तक प्रदेश के कुछ हिस्सों में पहुंच जाता है, लेकिन इस बार इसकी गति थोड़ी धीमी रहने की संभावना है।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी कुछ दिनों तक प्रदेश में आंधी, बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रह सकता है। इससे तापमान में और गिरावट आने की संभावना है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिलेगी। हालांकि तेज हवाओं और गरज-चमक के दौरान लोगों को सतर्क रहने की सलाह भी दी गई है। विशेष रूप से खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों के आसपास सावधानी बरतने की जरूरत है। कुल मिलाकर मौसम के बदले हुए मिजाज ने फिलहाल प्रदेशवासियों को राहत दी है और आने वाले दिनों में भी मौसम सुहावना बने रहने की उम्मीद है।





