ईरान पर अमेरिकी हमले टले..तेल कीमतों में आई बड़ी गिरावट
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान पर प्रस्तावित हमलों को पांच दिनों के लिए टालने के फैसले के बाद भारत ने हालात पर कड़ी नजर बनाए रखी है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रंधीर जायसवाल ने कहा कि सरकार हर घटनाक्रम को करीब से मॉनिटर कर रही है और स्थिति को लेकर पूरी तरह सतर्क है।
अमेरिका के इस फैसले को भारत ने सकारात्मक संकेत माना है। ट्रंप ने कहा कि पश्चिम एशिया में तनाव खत्म करने को लेकर बातचीत “सकारात्मक और उत्पादक” रही है, इसलिए फिलहाल ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर हमले रोक दिए गए हैं। इस कदम से वैश्विक बाजार में राहत देखने को मिली है।
इस घोषणा का सीधा असर तेल बाजार पर पड़ा और अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट आई। Brent Crude की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे फिसलकर करीब 98 डॉलर तक पहुंच गई, जिससे ऊर्जा आयात पर निर्भर देशों को राहत मिलने की उम्मीद है। इस बीच भारत ने खाड़ी देशों के साथ कूटनीतिक संपर्क भी तेज कर दिया है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने बहरीन, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब और यूएई के राजदूतों के साथ बैठक कर क्षेत्रीय हालात पर चर्चा की। साथ ही श्रीलंका के विदेश मंत्री से भी फोन पर बातचीत कर ताजा स्थिति का आकलन किया।सरकार का फोकस न सिर्फ कूटनीतिक संतुलन बनाए रखने पर है, बल्कि पश्चिम एशिया में रह रहे भारतीयों की सुरक्षा और ऊर्जा आपूर्ति को स्थिर रखने पर भी है।





