ट्रंप के टैरिफ की धमकी के बीच NSA अजित डोवाल रूस में पुतिन से करेंगे अहम चर्चा — ऊर्जा, रक्षा और BRICS एजेंडा तैयार
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोवाल ने रूस की यात्रा शुरू कर दी है। इस उच्च-स्तरीय दौरे का मुख्य उद्देश्य भारत-रूस रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करना है। विशेष रूप से, अमेरिका की ओर से दी गई टैरिफ धमकी और रूसी तेल खरीद को लेकर बढ़ते दबाव के मद्देनजर यह यात्रा और भी महत्वपूर्ण बन चुकी है। डोवाल की वार्ता पुतिन के साथ रक्षा, ऊर्जा, BRICS सहयोग और तेल समझौतों तक विस्तारित होने की संभावना जताई है
अमेरिका की टैरिफ धमकी:
पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप ने भारत के रूस से तेल आयात पर आपत्ति जताई है और 25% टैरिफ के साथ अधिक कड़े प्रतिबंधों की चेतावनी दी है। भारत ने इस पर कड़ा रुख अपनाया है और पक्षपातपूर्ण रवैये को अस्वीकार किया है।
रक्षा और ऊर्जा सहयोग बढ़ाना:
डोवाल की बातचीत में S‑400 मिसाइल सिस्टम, सु‑57 फाइटर जेट, और रक्षा औद्योगिक सहयोग जैसे मसले शामिल होंगे। साथ ही, रूस से सस्ती तेल आपूर्ति और ऊर्जा सुरक्षा की संभावना पर भी विचार हो सकता है।
BRICS NSA मीटिंग और शांति संदेश:
डोवाल BRICS देशों के NSA बैठक में भाग लेंगे और प्रधानमंत्री मोदी का संदेश पुतिन सहित सभी प्रतिनिधियों तक पहुंचाएंगे। यह दौरा भारत की रूस‑यूक्रेन शांति पहल को आगे बढ़ाने का प्रयास माना जा रहा है





