16 फरवरी 2026: देश के विभिन्न राज्यों में मौसम का हाल, उत्तर भारत में बारिश-बर्फबारी का अलर्ट
16 फरवरी 2026 को देश के मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। India Meteorological Department (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार उत्तर भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है, जिसके असर से सात राज्यों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। साथ ही 23 जिलों में घने कोहरे की चेतावनी दी गई है। पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी की संभावना जताई गई है।
उत्तर भारत: बादल, बारिश और कोहरे की मार
दिल्ली-एनसीआर, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ में मौसम का मिजाज बदला-बदला रहेगा। सुबह के समय कई इलाकों में घना कोहरा छाया रह सकता है, जिससे दृश्यता 50 से 200 मीटर तक सीमित हो सकती है। सड़क और रेल यातायात पर इसका असर पड़ने की आशंका है। दोपहर बाद बादलों की आवाजाही बढ़ेगी और शाम तक हल्की बारिश या बूंदाबांदी संभव है।
पंजाब और हरियाणा के कुछ हिस्सों में गरज के साथ छींटे पड़ सकते हैं। तापमान में हल्की गिरावट दर्ज की जा सकती है, खासकर न्यूनतम तापमान में। किसानों के लिए यह मौसम फसलों के लिहाज से मिला-जुला असर डाल सकता है—जहां गेहूं की फसल को हल्की नमी लाभ दे सकती है, वहीं ज्यादा कोहरा नुकसानदेह हो सकता है।
हिमाचल और उत्तराखंड: ऊंचाई पर बर्फबारी
Himachal Pradesh और Uttarakhand के ऊंचाई वाले इलाकों में 16 फरवरी को बर्फबारी की संभावना है। शिमला, मनाली, केदारनाथ और बद्रीनाथ के आसपास हल्की से मध्यम बर्फबारी हो सकती है। इससे तापमान में और गिरावट आएगी। पहाड़ी मार्गों पर फिसलन बढ़ सकती है, इसलिए यात्रियों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
पर्यटन स्थलों पर बर्फबारी से पर्यटकों की संख्या बढ़ सकती है, लेकिन प्रशासन ने मौसम को देखते हुए सतर्क रहने की अपील की है। निचले पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के साथ ठंडी हवाएं चल सकती हैं।
राजस्थान और उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र
Rajasthan में मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रहेगा, लेकिन पश्चिमी विक्षोभ के असर से आंशिक बादल छाए रह सकते हैं। जयपुर, बीकानेर और जोधपुर में दिन में हल्की धूप के साथ तापमान सामान्य से थोड़ा ऊपर रह सकता है। हालांकि 16 से 18 फरवरी के बीच कुछ हिस्सों में हल्की बूंदाबांदी से इनकार नहीं किया जा सकता।
राजस्थान के उत्तरी जिलों में सुबह हल्का कोहरा भी देखने को मिल सकता है। दिन और रात के तापमान में अंतर बना रहेगा, जिससे सुबह-शाम हल्की ठंड महसूस होगी।
मध्य भारत: बादलों की आवाजाही
Madhya Pradesh में मौसम में हल्का बदलाव संभव है। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और उज्जैन में आंशिक बादल छाए रहेंगे। दिन में हल्की गर्मी और रात में ठंड का मिश्रित असर रहेगा। पश्चिमी विक्षोभ का सीधा प्रभाव यहां कम रहेगा, लेकिन बादलों की वजह से न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट आ सकती है।
छत्तीसगढ़ में भी मौसम सामान्य रहेगा। कहीं-कहीं हल्की हवा चल सकती है, लेकिन बारिश की संभावना कम है।
बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश
Bihar और पूर्वी उत्तर प्रदेश में दिन और रात के तापमान में अंतर बना रहेगा। पटना, वाराणसी और गोरखपुर में अधिकतम तापमान 26 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है। कुछ इलाकों में हल्के बादल और गरज-चमक के साथ छींटे पड़ सकते हैं।
सुबह के समय हल्का कोहरा छाया रह सकता है, लेकिन दोपहर बाद मौसम साफ हो जाएगा। किसानों को सलाह दी गई है कि वे मौसम अपडेट पर नजर रखें।
पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर
West Bengal की राजधानी कोलकाता में दिन में हल्की गर्मी महसूस हो सकती है। अधिकतम तापमान लगभग 29 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है। आसमान साफ से आंशिक बादल वाला रहेगा।
पूर्वोत्तर राज्यों—असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश—में पहाड़ी इलाकों में बादलों की सक्रियता बढ़ सकती है। हालांकि भारी बारिश के संकेत नहीं हैं, लेकिन कुछ स्थानों पर हल्की वर्षा संभव है।
महाराष्ट्र और तटीय क्षेत्र
Maharashtra के मुंबई और कोंकण क्षेत्र में मौसम गर्म और आर्द्र बना रहेगा। दिन में तापमान सामान्य से थोड़ा अधिक रह सकता है। आसमान साफ रहेगा, कहीं-कहीं हल्के बादल दिख सकते हैं।
गोवा और तटीय कर्नाटक में भी मौसम शुष्क रहेगा। समुद्र तटों पर सामान्य हवाएं चलेंगी, किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है।
दक्षिण भारत: शुष्क और स्थिर मौसम
Karnataka, Tamil Nadu और Kerala में 16 फरवरी को मौसम अपेक्षाकृत साफ और शुष्क रहेगा। बेंगलुरु और चेन्नई में दिन का तापमान सामान्य रहेगा, जबकि रातें हल्की ठंडी रह सकती हैं। दक्षिणी राज्यों में किसी बड़े वर्षा अलर्ट की सूचना नहीं है।
समग्र रुझान और सलाह
कुल मिलाकर 16 फरवरी 2026 को उत्तर भारत में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव साफ दिखाई देगा। पहाड़ों में बर्फबारी, मैदानों में बारिश और कई जिलों में घना कोहरा लोगों की दिनचर्या को प्रभावित कर सकता है। वहीं मध्य और दक्षिण भारत में मौसम स्थिर और अपेक्षाकृत शुष्क रहेगा।
यात्रियों को सलाह है कि वे कोहरे और बारिश के दौरान सावधानी बरतें। वाहन चलाते समय हेडलाइट और फॉग लाइट का उपयोग करें। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा से पहले स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ताजा जानकारी जरूर लें। मौसम में हो रहे इस बदलाव के बीच सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।